भगवान विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर महेंद्रगढ़ में आज राज्य स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। कार्यक्रम को लेकर रविवार को जिला जांगिड़ कल्याण सभा की ओर से नवनिर्मित छात्रावास परिसर में तैयारियों को लेकर बैठक आयोजित की गई। इसमें पूर्व राज्यसभा सांसद रामचंद्र जांगिड़ मुख्य अतिथि और विधायक कंवर सिंह यादव विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहे।
कार्यक्रम में पहुंचने पर जांगिड़ समाज के लोगों ने दोनों अतिथियों का फूल-मालाओं से स्वागत किया। इस दौरान आगामी 17 सितंबर को आयोजित होने वाले विश्वकर्मा दिवस एवं श्रमिक दिवस समारोह की तैयारियों और आयोजन की रूपरेखा पर चर्चा की गई।
सृजन, कौशल और श्रम के प्रतीक हैं भगवान विश्वकर्मा
पूर्व राज्यसभा सांसद रामचंद्र जांगिड़ ने कहा कि भगवान विश्वकर्मा सृजन, निर्माण, कला, कौशल और श्रम के प्रतीक हैं। विश्वकर्मा दिवस समाज के हर वर्ग को मेहनत, हुनर और निर्माण की प्रेरणा देता है। उन्होंने कहा कि महेंद्रगढ़ में 17 सितंबर को राज्य स्तरीय कार्यक्रम आयोजित करने की स्वीकृति मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने दी है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री का इस कार्यक्रम में शामिल होना जांगिड़ समाज के लिए गौरव की बात है। समारोह समाज की एकता, आपसी भाईचारे और सामाजिक समरसता का संदेश देगा।
PM मोदी के जन्मदिन का भी किया जिक्र
रामचंद्र जांगिड़ ने कहा कि 17 सितंबर का दिन इसलिए भी विशेष है, क्योंकि इसी दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जन्मदिन है। उन्होंने प्रधानमंत्री के स्वस्थ और दीर्घायु जीवन की कामना करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में देश विकास, आत्मनिर्भरता और नई तकनीक के क्षेत्र में लगातार आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने समाज के लोगों से कार्यक्रम को सफल बनाने और अधिक से अधिक संख्या में भागीदारी सुनिश्चित करने की अपील की।
समाज के गणमान्य लोग रहे मौजूद
बैठक में प्रदीप लावन, अशोक कुमार दुलोठ, जाट मंदिर प्रधान, वीरेंद्र सिंह हेड मास्टर कैमला, सुभाष जांगिड़ कोथल कलां, मुकेश जांगिड़, पवन साजरवासिया, मोतीलाल साहब, ओमप्रकाश मास्टर कोथल खुर्द, संजय पीटीआई, वेद प्रकाश ठेकेदार, मुंशी राम ठेकेदार, मास्टर माता प्रसाद, मुकेश कुमार गादड़वास, धर्मेंद्र कुमार जिला युवा अध्यक्ष और मुकेश कुमार इंजीनियर समेत समाज के कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।
आयोजकों ने बताया कि 17 सितंबर को होने वाले राज्य स्तरीय समारोह को लेकर समाज के लोगों में खासा उत्साह है। कार्यक्रम के जरिए भगवान विश्वकर्मा के आदर्शों और श्रम व कौशल के महत्व को जन-जन तक पहुंचाने का संदेश दिया जाएगा।