पंजाब-हरियाणा की सियासत में पगड़ी को लेकर नया विवाद खड़ा हो गया है। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के बार-बार पंजाब दौरे को लेकर उनकी पगड़ी पर सवाल उठाते हुए इसे ‘नकली पगड़ी’ करार दिया। मान की इस टिप्पणी पर सैनी ने तीखा पलटवार किया और पगड़ी को सिख गुरुओं के प्रति आस्था, सम्मान और श्रद्धा का प्रतीक बताया। उन्होंने भगवंत मान से पंजाब की जनता से माफी मांगने की मांग की।
भगवंत मान ने सैनी पर साधा निशाना
नायब सिंह सैनी के लगातार पंजाब दौरे को लेकर भगवंत मान ने उन पर निशाना साधते हुए कहा कि सैनी अपनी गाड़ी में एक पगड़ी रखते हैं और पंजाब आने के दौरान उसे पहन लेते हैं। मान ने तंज कसते हुए कहा कि शायद उन्हें लगता है कि ‘नकली पगड़ी’ पहनकर वह पंजाब के लोगों का भरोसा जीत लेंगे, लेकिन ऐसा संभव नहीं है।
भगवंत मान ने नायब सैनी की उस पिछली टिप्पणी का भी जवाब दिया, जिसमें हरियाणा के मुख्यमंत्री ने उन्हें केवल चुटकुले सुनाने वाला व्यक्ति बताया था। अपनी सरकार के कामकाज का बचाव करते हुए मान ने कहा कि पिछले साढ़े चार वर्षों में उनकी सरकार ने जो काम किए हैं, उन्हें केवल चुटकुले सुनाने तक सीमित नहीं किया जा सकता।
मान ने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा कि अगर नायब सैनी को चुटकुले सुनाना नहीं आता, तो इसमें वह कुछ नहीं कर सकते।
सैनी ने पंजाबी में दिया जवाब
भगवंत मान की टिप्पणी पर नायब सिंह सैनी ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। चंडीगढ़ स्थित अपने आवास ‘संत कबीर कुटीर’ पर कई नेताओं को बीजेपी में शामिल कराने के बाद मीडिया से बातचीत में सैनी ने कहा कि मान का बयान दुर्भाग्यपूर्ण है, क्योंकि पगड़ी हमारे गुरुओं के प्रति सम्मान और आस्था का प्रतीक है।
सैनी ने पंजाबी अंदाज में कहा कि यह केवल पगड़ी का नहीं, बल्कि आस्था और सम्मान का विषय है। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार सिख गुरुओं की शिक्षाओं के अनुरूप काम कर रही है।
हरियाणा के मुख्यमंत्री ने भगवंत मान से पंजाब की जनता से माफी मांगने की मांग की। उन्होंने कहा कि अगर मान पगड़ी को ‘नकली’ बता रहे हैं, तो उन्हें उस स्थान पर जाना चाहिए जहां उनके गुरुओं ने यह दस्तार पहनी थी और वहां जाकर माफी मांगनी चाहिए।
‘सिख गुरुओं और पंजाबियों का अपमान’
नायब सैनी ने आरोप लगाया कि भगवंत मान की टिप्पणी केवल उनकी पगड़ी पर सवाल नहीं उठाती, बल्कि इससे सिख गुरुओं और पंजाबियों, दोनों का अपमान हुआ है। उन्होंने दोहराया कि पगड़ी उनके लिए आस्था और सम्मान का प्रतीक है।

इस विवाद के साथ ही पंजाब और हरियाणा के मुख्यमंत्रियों के बीच पहले से जारी सियासी बयानबाजी को एक नया मुद्दा मिल गया है। दोनों नेताओं के बीच पगड़ी को लेकर हुई यह जुबानी जंग अब राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बनी हुई है।