भोपाल में मॉडल-एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा की मौत के मामले में जांच ने नया मोड़ ले लिया है। दिल्ली AIIMS के पांच सदस्यीय मेडिकल बोर्ड ने अपनी फाइनल फोरेंसिक रिपोर्ट में मौत को आत्महत्या बताया है। वहीं, CBI ने 636 पन्नों की चार्जशीट में ट्विशा के पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह पर दहेज हत्या समेत कई गंभीर धाराओं में आरोप लगाए हैं।
AIIMS की 11 पन्नों की रिपोर्ट में आत्महत्या का जिक्र
दिल्ली AIIMS की टीम ने CBI को सौंपी अपनी 11 पन्नों की रिपोर्ट में कहा है कि ट्विशा के शव पर ऐसी कोई चोट नहीं मिली, जिससे हमले या संघर्ष का मेडिकोलीगल संकेत मिलता हो। यह रिपोर्ट 10 जुलाई को सीलबंद लिफाफे में CBI को सौंपी गई थी। फोरेंसिक मेडिसिन विभाग के प्रमुख डॉ. सुधीर गुप्ता के मुताबिक, मेडिकल बोर्ड ने किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले मामले के सभी संभावित पहलुओं की विस्तार से जांच की। AIIMS मेडिकल बोर्ड ने निष्कर्ष दिया कि ट्विशा की मौत आत्महत्या से हुई थी और शव पर मारपीट के कोई निशान नहीं मिले।
CBI की 636 पन्नों की चार्जशीट में पति-सास आरोपी
AIIMS की रिपोर्ट के बावजूद मामले में CBI ने ट्विशा के पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह के खिलाफ 636 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की है। चार्जशीट में दोनों पर BNS की धारा 80(2) के तहत दहेज हत्या, धारा 85 के तहत पति या उसके रिश्तेदार द्वारा क्रूरता और धारा 108 के तहत आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप लगाए गए हैं। इसके अलावा BNS की धारा 3(5) और दहेज प्रतिषेध अधिनियम, 1961 की धारा 3 और 4 भी लगाई गई हैं।
24 मई को दिल्ली AIIMS में हुआ था दूसरा पोस्टमॉर्टम
ट्विशा की मौत के बाद पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट को लेकर सवाल उठे थे। इसके बाद मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के 22 मई के आदेश पर दिल्ली AIIMS के मेडिकल बोर्ड ने 24 मई को शव का दोबारा पोस्टमॉर्टम किया था। इस जांच का उद्देश्य मौत की वास्तविक वजह और परिस्थितियों को लेकर उठ रहे सवालों की दोबारा मेडिकल जांच करना था।
12 मई की रात ससुराल में हुई थी मौत
मॉडल-एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा की 12 मई 2026 की रात भोपाल के कटारा हिल्स स्थित ससुराल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई थी। ससुराल पक्ष ने शुरुआत से इसे आत्महत्या बताया था, जबकि मायके पक्ष ने हत्या का आरोप लगाया था। इसी विवाद के बीच मामले की जांच आगे बढ़ी और CBI ने विभिन्न साक्ष्यों के आधार पर जांच की।
लैपटॉप और वॉइस सैंपल की जांच भी अहम
3 अगस्त को हुई सुनवाई में CBI ने आरोपी समर्थ सिंह का वॉइस सैंपल लेने और उसके लैपटॉप का पासवर्ड उपलब्ध कराने की मांग की थी।समर्थ सिंह के वकील ने लैपटॉप का पासवर्ड देने पर कोई आपत्ति नहीं जताई। हालांकि, वॉइस सैंपल को लेकर यह शर्त रखी गई कि उसकी एक कॉपी सुरक्षित रूप से कोर्ट में भी रखी जाए।