हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू दो अक्टूबर को शिमला के दुर्गम काशापाट क्षेत्र के दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वह ग्रामीणों के बीच पहुंचकर उनकी समस्याएं और मांगें सुनेंगे। मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर काशा और पाट गांव के लोगों में खासा उत्साह है। ग्रामीण पारंपरिक रीति-रिवाजों और स्थानीय व्यंजनों के साथ मुख्यमंत्री के स्वागत की तैयारियों में जुटे हैं।
मुख्यमंत्री काशा गांव में दोपहर का भोजन और रात का खाना करेंगे। इसके बाद वह पाट गांव में सुपन दास के घर रात्रि विश्राम करेंगे। अगले दिन तीन अक्टूबर की सुबह मुख्यमंत्री को स्थानीय अनाज और पारंपरिक खाद्य सामग्री से तैयार व्यंजन परोसे जाएंगे।
सात महिला मंडल तैयार करेंगे पारंपरिक व्यंजन
मुख्यमंत्री के नाश्ते के लिए क्षेत्र के सात महिला मंडलों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। महिला मंडलों की सदस्य पारंपरिक विधि से स्थानीय व्यंजन तैयार करेंगी।
नाश्ते में ओगले और फाफड़े का चिल्टू, कोदा और तुलसी की रोटी, गेहूं और झालरे की मोड़ी, स्थानीय मक्खन व लस्सी के साथ भिथू और गुच्छी की सब्जी समेत कई अन्य पारंपरिक व्यंजन शामिल होंगे। खास बात यह है कि इन सभी व्यंजनों को स्थानीय स्तर पर उपलब्ध अनाज और खाद्य सामग्री से तैयार किया जाएगा।
ग्रामीण बोले- हमारे लिए खास अवसर
ग्रामीणों का कहना है कि मुख्यमंत्री का काशापाट जैसे दुर्गम क्षेत्र में रात्रि प्रवास उनके लिए विशेष अवसर है। इसे यादगार बनाने के लिए गांव में स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं। मुख्यमंत्री के प्रवास के दौरान ग्रामीण उन्हें क्षेत्र की समस्याओं और अपनी प्रमुख मांगों से भी अवगत कराएंगे।
मुख्यमंत्री के ग्रामीणों के बीच रुकने से उन्हें स्थानीय लोगों की समस्याओं को करीब से समझने का अवसर मिलेगा।
प्रशासन ने तेज की तैयारियां
मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर एसडीएम हर्ष अमरेंद्र सिंह ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मुख्यमंत्री के कार्यक्रम से जुड़ी सभी व्यवस्थाएं निर्धारित समय से पहले पूरी कर ली जाएं।
एसडीएम ने आयोजन स्थल पर किसी तरह की अव्यवस्था न होने और आम लोगों को परेशानी से बचाने के निर्देश दिए। साथ ही कार्यक्रम से पहले सभी व्यवस्थाओं का दोबारा निरीक्षण कर कमियों को समय रहते दूर करने को कहा।
1 से 3 अक्टूबर तक कई क्षेत्रों में रहेंगे CM
मुख्यमंत्री सुक्खू एक से तीन अक्टूबर तक रोहड़ू, चिड़गांव, रामपुर और आसपास के क्षेत्रों के दौरे पर रहेंगे। एक अक्टूबर को वह पीएमश्री राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में विद्यार्थियों से संवाद करेंगे और एंटी-चिट्टा रैली को हरी झंडी दिखाएंगे। इसके बाद चिड़गांव में विकास कार्यों का उद्घाटन-शिलान्यास और जनसभा होगी।
शाम को दियुड़ी मायला पंचायत के भटवारी में ‘सरकार गांव के द्वार’ कार्यक्रम के तहत लोगों, महिला मंडलों और युवक मंडलों से संवाद करेंगे।
दो अक्टूबर को भटवारी में महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री को श्रद्धांजलि देने के बाद वह रामपुर के शिंगला पहुंचेंगे। यहां विकास कार्यों का उद्घाटन-शिलान्यास करने के साथ नोग घाटी के लोगों से संवाद करेंगे। इसके बाद तकलेच और काशा का दौरा होगा।
तीन अक्टूबर को नोगली में जनसभा के बाद पदम उत्कृष्ट राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में विद्यार्थियों से संवाद और एंटी-चिट्टा रैली में भाग लेंगे। इसके बाद मुख्यमंत्री शिंगला से हेलीकॉप्टर के जरिए शिमला लौटेंगे।