हिमाचल प्रदेश के बल्ह में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के दौरे के बाद भाजपा विधायक इंद्र सिंह गांधी ने कांग्रेस सरकार पर निशाना साधा है। सोमवार को पत्रकारवार्ता में गांधी ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री जिन विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास कर रहे हैं, उनमें कई योजनाएं पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के कार्यकाल में स्वीकृत और शुरू की गई थीं। उन्होंने मुख्यमंत्री से सवाल किया कि चार साल बाद बल्ह की याद आई है तो सरकार नए विकास कार्यों की जानकारी दे, पुराने कामों का श्रेय क्यों लिया जा रहा है।
गांधी ने मुख्यमंत्री पर तंज कसते हुए कहा, “हमारे 32 दांत हैं, तभी बोलते हैं; आपके 30 हैं, 30 ही बोलेंगे।” उन्होंने कहा कि भाजपा बल्ह विधानसभा क्षेत्र में हुए विकास कार्यों का पूरा ब्योरा जनता के सामने रखेगी।
पूर्व सरकार में स्वीकृत संस्थानों को डी-नोटिफाई करने का आरोप
भाजपा विधायक ने पूर्व मंत्री प्रकाश चौधरी को भी निशाने पर लिया। गांधी का आरोप है कि कांग्रेस सरकार ने पिछली भाजपा सरकार के कार्यकाल में स्वीकृत कई संस्थानों को डी-नोटिफाई किया, लेकिन प्रकाश चौधरी ने इन फैसलों का विरोध नहीं किया।
उन्होंने रोस की आईटीआई और स्यौली की डिस्पेंसरी का उदाहरण देते हुए दावा किया कि दोनों संस्थान जयराम ठाकुर सरकार के कार्यकाल में स्वीकृत किए गए थे। गांधी ने कहा कि इन फैसलों और विकास परियोजनाओं को लेकर भाजपा जनता के सामने अपना पक्ष रखेगी।
पंचायत और नगर निगम के मुद्दों पर भी सवाल
इंद्र सिंह गांधी ने प्रकाश चौधरी के नेतृत्व पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा, “आप नेता कहां के हैं? आप डडौर वार्ड के नेता हैं, अगली बार शायद वार्ड से ही चुनाव लड़ना पड़ेगा।” भाजपा विधायक ने आरोप लगाया कि पंचायत और नगर निगम से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर लोगों को गुमराह किया गया।
मेडिकल यूनिवर्सिटी को लेकर सरकार को घेरा
गांधी ने मेडिकल यूनिवर्सिटी के मुद्दे को भी उठाया। उन्होंने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर केवल मंडी तक सीमित नेता नहीं हैं, बल्कि पूरे हिमाचल का नेतृत्व करने वाले नेता रहे हैं। उन्होंने कहा कि अनिल शर्मा भी जयराम ठाकुर के मंत्रिमंडल में मंत्री रहे हैं और उन्हें नेता मानते हैं।
भाजपा विधायक ने कहा कि नेरचौक स्थित मेडिकल कॉलेज के साथ मेडिकल यूनिवर्सिटी स्थापित करने की मांग पहले से उठती रही है। उन्होंने मड़वाड़ और कंसा चौक में उपलब्ध जमीन का उल्लेख करते हुए कहा कि विश्वविद्यालय मेडिकल कॉलेज के नजदीक होना चाहिए।
‘जरूरत पड़ी तो कोर्ट जाएंगे’
गांधी ने कहा कि मेडिकल यूनिवर्सिटी जयराम ठाकुर सरकार की देन है और इसे किसी भी स्थिति में जाने नहीं दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को लेकर जरूरत पड़ने पर भाजपा कोर्ट का दरवाजा भी खटखटाएगी।
भाजपा विधायक के इन आरोपों पर कांग्रेस या मुख्यमंत्री की ओर से प्रतिक्रिया सामने आने पर वह इस राजनीतिक विवाद का दूसरा पक्ष होगा। फिलहाल गांधी ने विकास परियोजनाओं, संस्थानों और मेडिकल यूनिवर्सिटी को लेकर सरकार के सामने कई सवाल रखे हैं।