देहरादून में शुक्रवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी प्रदेश के 140 चयनित युवाओं के साथ युवा संवाद कार्यक्रम करेंगे। इस दौरान युवा मुख्यमंत्री के सामने विकसित उत्तराखंड को लेकर अपने विचार, सुझाव और भविष्य का विजन रखेंगे। सरकार का उद्देश्य युवाओं की सोच को नीति निर्माण और विकास योजनाओं से जोड़ना है।
2.67 लाख विद्यार्थियों ने दिए सुझाव
कैसा हो मेरे सपनों का उत्तराखंड अभियान के तहत प्रदेश के 11वीं और 12वीं कक्षा के विद्यार्थियों से सुझाव मांगे गए थे। करीब तीन लाख विद्यार्थियों को इस अभियान से जोड़ा गया, जिनमें से 2,67,744 विद्यार्थियों ने ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से अपने विचार और सुझाव सरकार तक पहुंचाए।
140 युवाओं का हुआ चयन
प्राप्त सुझावों में से 140 युवाओं का चयन किया गया है। ये विद्यार्थी मुख्यमंत्री के साथ संवाद कर उत्तराखंड के विकास से जुड़े अपने विचार साझा करेंगे। चयनित विद्यार्थियों को 12वीं के बाद करियर कोचिंग के लिए दो लाख रुपये तक की स्कॉलरशिप देने की भी व्यवस्था की गई है।
वरिष्ठ अधिकारी भी करेंगे संवाद
मुख्यमंत्री धामी ने संवाद को अधिक व्यापक बनाने के लिए वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों और विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्षों को भी युवाओं से चर्चा करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री से मुलाकात से पहले अधिकारी विद्यार्थियों के साथ बैठकर उनके विचार, सुझाव और प्रदेश के भविष्य को लेकर उनकी प्राथमिकताएं समझेंगे।
कई क्षेत्रों पर युवाओं से होगी चर्चा
युवा संवाद के दौरान शिक्षा, स्वास्थ्य, वन एवं पर्यावरण, स्वरोजगार, पलायन, लोक निर्माण, आईटी, पर्यटन, महिला एवं बाल विकास समेत कई विषयों पर चर्चा होगी। संबंधित विभागों के अधिकारी युवाओं के सुझावों को सुनकर महत्वपूर्ण बिंदुओं से मुख्यमंत्री को अवगत कराएंगे।
युवाओं के सुझावों को नीतियों में जोड़ने की तैयारी
मुख्यमंत्री ने कहा है कि युवाओं की ओर से दिए गए उपयोगी और सार्थक सुझावों को सरकार की नीतियों और विकास की दिशा में शामिल किया जाएगा। सरकार का कहना है कि युवा जिस उत्तराखंड की कल्पना कर रहे हैं, उसे समझकर विकास योजनाओं से जोड़ना इस पहल का प्रमुख उद्देश्य है।
युवाओं को उत्तराखंड का भविष्य बताया
मुख्यमंत्री के अनुसार युवा प्रदेश का भविष्य हैं और उनके साथ वैचारिक मंथन से विकास को लेकर नए विचार सामने आए हैं। सरकार इस पीढ़ी की सोच और सुझावों को समझकर विकसित उत्तराखंड की दिशा में आगे बढ़ने की तैयारी कर रही है।