MP सरकार का फैसला:सांदीपनि स्कूलों में अब ‘इलेक्ट्रिक किचन’ से बनेगा मिड-डे मील,...

मध्य प्रदेश में नई रसोई व्यवस्था

MP सरकार का फैसला:सांदीपनि स्कूलों में अब ‘इलेक्ट्रिक किचन’ से बनेगा मिड-डे मील, बच्चों को मिलेगा स्वच्छ और सुरक्षित भोज

मध्य प्रदेश सरकार ने सांदीपनि स्कूलों में इलेक्ट्रिक किचन व्यवस्था शुरू करने का निर्णय लिया है, जिससे विद्यार्थियों को सुरक्षित और पौष्टिक भोजन मिलेगा।

mp सरकार का फैसलासांदीपनि स्कूलों में अब ‘इलेक्ट्रिक किचन’ से बनेगा मिड-डे मील बच्चों को मिलेगा स्वच्छ और सुरक्षित भोज

भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार शिक्षा के साथ-साथ विद्यार्थियों के स्वास्थ्य और पोषण को बेहतर बनाने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाने जा रही है। प्रदेश के सांदीपनि स्कूलों में अब बच्चों के लिए मिड-डे मील अत्याधुनिक इलेक्ट्रिक किचन में तैयार किया जाएगा। इस नई व्यवस्था का उद्देश्य हजारों विद्यार्थियों को स्वच्छ, पौष्टिक और गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराना है।

अधिक व्यवस्थित और स्वच्छ बनेगी

सरकार द्वारा केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की तर्ज पर संचालित किए जा रहे सांदीपनि स्कूलों में आधुनिक तकनीक आधारित रसोईघर स्थापित किए जाएंगे। इन किचनों में भोजन तैयार करने के लिए गैस सिलेंडर का उपयोग नहीं होगा, बल्कि पूरी व्यवस्था बिजली से संचालित अत्याधुनिक मशीनों पर आधारित होगी। इससे न केवल सुरक्षा बढ़ेगी, बल्कि भोजन निर्माण प्रक्रिया भी अधिक व्यवस्थित और स्वच्छ बनेगी।

भोजन तैयार किया जा सकेगा

यह परियोजना ‘प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण’ योजना के अंतर्गत पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा लागू की जा रही है। राज्य समन्वयक अवि प्रसाद ने इस संबंध में आवश्यक निर्देश जारी कर दिए हैं। योजना के तहत रोटी बनाने, सब्जियां काटने, भोजन पकाने और अन्य कई कार्य मशीनों की मदद से किए जाएंगे, जिससे कम समय में बड़ी संख्या में बच्चों के लिए भोजन तैयार किया जा सकेगा।

इलेक्ट्रिक किचन इस चुनौती का प्रभावी समाधान बनकर सामने आएंगे

प्रदेश में कई छोटे स्कूलों का विलय कर उन्हें सांदीपनि स्कूलों के रूप में विकसित किया जा रहा है। इसके कारण इन विद्यालयों में विद्यार्थियों की संख्या लगातार बढ़ रही है। ऐसे में हजारों बच्चों के लिए एक साथ भोजन तैयार करना चुनौतीपूर्ण हो सकता था, लेकिन मशीन आधारित इलेक्ट्रिक किचन इस चुनौती का प्रभावी समाधान बनकर सामने आएंगे।

सर्वांगीण विकास सुनिश्चित हो सके

विशेषज्ञों का मानना है कि आधुनिक किचन व्यवस्था से भोजन की गुणवत्ता और स्वच्छता में सुधार होगा। साथ ही गैस सिलेंडर से होने वाले संभावित हादसों का खतरा भी समाप्त हो जाएगा। सरकार का लक्ष्य है कि विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा के साथ सुरक्षित और पौष्टिक भोजन भी उपलब्ध कराया जाए, जिससे उनका सर्वांगीण विकास सुनिश्चित हो सके।

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