आरजेडी में बगावत तेज: पहले चरण के मतदान से पहले 10 और नेताओं की छुट्टी, सिटिंग विधायक भी निष्कासित

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आरजेडी में बगावत तेज: पहले चरण के मतदान से पहले 10 और नेताओं की छुट्टी, सिटिंग विधायक भी निष्कासित

आरजेडी में बगावत तेज पहले चरण के मतदान से पहले 10 और नेताओं की छुट्टी सिटिंग विधायक भी निष्कासित

RJD rebellion in Bihar: बिहार विधानसभा चुनाव में पहले चरण के मतदान से पहले राज्य की सबसे बड़ी विपक्षी पार्टी राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) में बड़ी राजनीतिक हलचल मच गई है। पार्टी हाईकमान ने एक बार फिर सख्त कार्रवाई करते हुए 10 वरिष्ठ नेताओं को पार्टी से बाहर कर दिया है। इन नेताओं पर आरोप है कि ये पार्टी की अधिकृत उम्मीदवारों के खिलाफ चुनावी गतिविधियों में शामिल हैं और बगावती तेवर अपना रहे हैं। निष्कासित किए गए नेताओं की सूची में एक वर्तमान विधायक, दो पूर्व विधायक, प्रदेश उपाध्यक्ष सहित पार्टी के कई वरिष्ठ पदाधिकारी शामिल हैं। इससे पहले आरजेडी 27 नेताओं को 6 वर्षों के लिए निष्कासित कर चुकी है। कुल मिलाकर अब तक 37 नेताओं को बाहर का रास्ता दिखाया जा चुका है, जिससे साफ संकेत मिलता है कि आरजेडी इस चुनाव में अनुशासनहीनता और गुटबाजी को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेगी। [caption id="attachment_113458" align="alignnone" width="556"] RJD ने लिस्ट की जारी[/caption]

कौन-कौन हुए निष्कासित?

पार्टी द्वारा जारी पत्र में जिन 10 नेताओं को निष्कासित किया गया है, उनके नाम इस प्रकार हैं:
  • फतेह बहादुर सिंह – डेहरी से आरजेडी के मौजूदा विधायक
  • सतीश कुमार – प्रदेश उपाध्यक्ष
  • मो. सैयद नौसादुल नवी (उर्फ पप्पू खां)
  • मो. गुलाम जिलानी वारसी – पूर्व विधायक
  • मो. रियाजुल हक राजू – पूर्व विधायक
  • अमोद कुमार मंडल – प्रदेश महासचिव
  • जिप्सा आनंद – प्रदेश महासचिव
  • वीरेंद्र कुमार शर्मा
  • ई. प्रणव प्रकाश
  • राजीव रंजन (उर्फ पिंकू)
इन सभी नेताओं पर आरोप है कि ये पार्टी की अधिकृत लाइन से हटकर निर्दलीय प्रत्याशियों का समर्थन कर रहे थे या खुद पार्टी के खिलाफ चुनाव लड़ रहे थे।

RJD rebellion in Bihar: बगावत क्यों बढ़ी?

आरजेडी में गुटबाजी की मुख्य वजह टिकट बंटवारा माना जा रहा है। इस बार पार्टी ने कई पुराने नेताओं की जगह नए चेहरों को मौका दिया है। कुछ सीटों पर गठबंधन की समायोजन व्यवस्था के कारण आरजेडी के दावेदारों को टिकट नहीं मिला। इससे नाराज होकर नेताओं ने या तो निर्दलीय चुनाव लड़ने का फैसला कर लिया या विरोधी दलों की ओर रुख कर लिया।

रितु जायसवाल मामला बना बड़ी वजह

आरजेडी नेता और सोशल वर्कर रितु जायसवाल का मामला पार्टी में बड़ी बगावत की वजह बना है। वह परिहार सीट से आरजेडी का टिकट चाहती थीं, लेकिन पार्टी ने टिकट पूर्व मंत्री रामचंद्र पूर्वे की बहू स्मिता पूर्वे गुप्ता को दे दिया। इससे नाराज होकर रितु जायसवाल ने निर्दलीय चुनाव लड़ने का ऐलान कर दिया। रितु की लोकप्रियता को देखते हुए कई स्थानीय नेता उनके समर्थन में खड़े हो गए और यह घटनाक्रम आरजेडी हाईकमान के लिए बड़ी चुनौती बन गया। [caption id="attachment_113459" align="alignnone" width="647"]रितु जायसवाल रितु जायसवाल[/caption]

कटिहार में भी टिकट बंटवारे पर विवाद

कटिहार की सदर सीट गठबंधन के तहत विकासशील इंसान पार्टी (VIP) के खाते में चली गई। यहां आरजेडी के वरिष्ठ नेता और कटिहार के पूर्व विधायक राम प्रकाश महतो टिकट की उम्मीद लगाए बैठे थे। टिकट न मिलने पर उन्होंने निर्दलीय चुनाव लड़ने का निर्णय लिया। इसके बाद पार्टी ने उन पर भी अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए बाहर का रास्ता दिखा दिया।

RJD rebellion in Bihar: बड़हरा में भी बगावत

बड़हरा विधानसभा सीट पर आरजेडी ने रामबाबू पासवान को टिकट दिया। इस निर्णय से नाराज होकर पूर्व विधायक सरोज यादव ने पार्टी छोड़ दी और निर्दलीय चुनाव लड़ने का फैसला कर लिया। सरोज यादव का क्षेत्र में मजबूत जनाधार माना जाता है, जिसकी वजह से आरजेडी के आधिकारिक प्रत्याशी की राह मुश्किल हो सकती है। Read More: राहुल की दो सभाओं में PM और नीतीश पर बड़ा हमला, बोले – वोट के लिए नाच लेंगे मोदी जी..

नरपतगंज सीट पर टिकट कटने के बाद बगावत

नरपतगंज सीट पर आरजेडी ने टिकट बदलते हुए अनिल यादव की जगह मनीष यादव को उम्मीदवार घोषित कर दिया। टिकट कटने से नाखुश अनिल यादव ने निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में नामांकन कर दिया। उनके इस कदम से क्षेत्रीय समीकरण बिगड़ने की पूरी आशंका जताई जा रही है। https://youtube.com/shorts/jgFM4Fiis7A?si=Ce23AtlPqq9wZnbM

पार्टी का आधिकारिक बयान

RJD rebellion in Bihar: आरजेडी ने अपने आधिकारिक बयान में कहा है कि पार्टी अनुशासन तोड़ने और पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल किसी भी नेता को बख्शेगी नहीं। पार्टी ने आरोप लगाया कि निष्कासित नेता अधिकृत उम्मीदवारों के खिलाफ काम कर रहे थे और कुछ तो बीजेपी एवं जेडीयू उम्मीदवारों की रणनीति में भी शामिल थे। पार्टी ने यह भी कहा कि यह कार्रवाई संगठन की मजबूती के लिए आवश्यक है।

बिहार विधानसभा चुनाव से पहले RJD में बड़ी कार्रवाई, 27 नेता पार्टी से 6 साल के लिए निष्कासित…लालू ने दाखिल की कोर्ट में अर्जी

RJD expels 27 leaders: बिहार विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक घटनाक्रम तेजी पकड़ चुका है। जहां एक ओर राजनीतिक दल चुनावी रणनीति में जुटे हैं, वहीं दूसरी ओर दल–बदल और बगावत का दौर भी जारी है।
RJD में बड़ी कार्रवाई,
RJD में बड़ी कार्रवाई,

बागियों पर गिरी गाज

राष्ट्रीय जनता दल ने देर शाम एक आधिकारिक लेटर जारी कर इस कार्रवाई की पुष्टि की। पार्टी ने साफ तौर पर कहा कि जिन नेताओं को निष्कासित किया गया है, पूरी खबर...

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