उत्तराखंड में एक बार फिर मौसम ने करवट ली है। सोमवार को राज्य के कई हिस्सों में बारिश, बादल और कोहरे का असर देखने को मिला। देहरादून, नैनीताल, बागेश्वर, पिथौरागढ़ और अल्मोड़ा समेत कई जिलों में बारिश के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ है। कहीं सड़कें बंद हैं तो कहीं बिजली और जरूरी सेवाओं पर असर पड़ा है।
देहरादून में बादल और पहाड़ों में घना कोहरा
देहरादून की सदर समेत सभी तहसीलों में सुबह से आसमान बादलों से ढका रहा। चकराता और मसूरी में कोहरे के कारण दृश्यता कम रही। प्रशासन ने वाहन चालकों को पहाड़ी इलाकों में सावधानी से सफर करने की सलाह दी है।फिलहाल देहरादून जिले में किसी बड़ी आपदा जैसी स्थिति की सूचना नहीं है। प्रशासन की टीमें मौसम पर नजर बनाए हुए हैं।
नैनीताल में बारिश, कई सड़कें बंद
नैनीताल में रात के दौरान तेज बारिश हुई। सुबह भी घने बादल और कोहरा छाया रहा। बारिश के कारण जिले में करीब आधा दर्जन सड़कें बंद होने की जानकारी सामने आई है।बागेश्वर में स्कूल-कॉलेज बंद बागेश्वर में रात से लगातार बारिश के चलते कई इलाकों में सड़कें बंद हो गईं। हालात को देखते हुए स्कूल और कॉलेज बंद रखने का फैसला लिया गया है। सड़क संपर्क प्रभावित होने से दूध और अखबार जैसी जरूरी सेवाओं के वाहन भी रास्तों में फंसे हैं। कई इलाकों में रात से बिजली आपूर्ति भी बाधित बताई गई है।
पिथौरागढ़ में मलबा आने से रास्ता बंद
पिथौरागढ़ में बारिश के बाद हरड़िया क्षेत्र में मलबा आने से थल-मुनस्यारी मार्ग बंद हो गया। सड़क पर वाहन फंसने की जानकारी है। पहाड़ी इलाकों में लगातार बारिश के कारण भूस्खलन और मलबा आने का खतरा बना हुआ है।
अल्मोड़ा में ग्रामीण सड़कें प्रभावित
अल्मोड़ा में रातभर रुक-रुककर बारिश हुई। बारिश के कारण चार ग्रामीण सड़कें बंद हैं, जबकि कुछ क्षेत्रों में जलापूर्ति भी प्रभावित हुई है। चंपावत में भी आसमान में आंशिक बादल छाए हुए हैं।
प्रशासन और मौसम विभाग की नजर
उत्तराखंड के पहाड़ी जिलों में बारिश के साथ भूस्खलन का खतरा बना हुआ है। ऐसे में स्थानीय प्रशासन स्थिति पर नजर रख रहा है। लोगों को मौसम खराब होने पर अनावश्यक यात्रा से बचने और पहाड़ी रास्तों पर विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।