प्रदेश की योगी सरकार शिक्षा के विस्तार और गुणवत्ता सुधार के साथ-साथ महापुरुषों के गौरवशाली योगदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाने की दिशा में भी निरंतर कार्य कर रही है। इसी क्रम में मेरठ के फलावदा स्थित जनता पीजी कॉलेज का नाम परिवर्तित कर चौधरी चरण सिंह पीजी कॉलेज, फलावदा, मवाना किए जाने की कार्रवाई की गई है। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद स्थित जनता पीजी कॉलेज, पतला का नाम अब ‘चौधरी अजीत सिंह जनता पीजी कॉलेज’ किए जाने का निर्णय लिया गया है। प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने इसकी जानकारी देते हुए कहा कि यह कदम महापुरुषों के योगदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाने की दिशा में उठाया गया है। उन्होंने बताया कि चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय, मेरठ की कार्यपरिषद की ओर से कॉलेज का नाम बदलने का प्रस्ताव शासन को भेजा गया था, जिसे स्वीकृति दे दी गई है। जल्द ही शासन स्तर से इस संबंध में औपचारिक आदेश जारी किया जाएगा।
चौधरी अजीत सिंह का योगदान
उच्च शिक्षा मंत्री के मुताबिक चौधरी अजीत सिंह का प्रदेश और देश के सामाजिक, शैक्षिक और कृषि क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान रहा है। उनका नाम युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है। सरकार का कहना है कि शिक्षण संस्थानों को महापुरुषों के नाम से जोड़ने से विद्यार्थियों को उनके विचारों, संघर्ष और योगदान को समझने का अवसर मिलता है।
उच्च शिक्षा को आधुनिक बनाने पर जोर
मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने कहा कि योगी सरकार प्रदेश के उच्च शिक्षा संस्थानों को गुणवत्तापूर्ण, आधुनिक और रोजगारपरक बनाने के लिए काम कर रही है। विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में शैक्षिक गुणवत्ता बढ़ाने के साथ आधारभूत सुविधाओं, शोध और नवाचार को बढ़ावा देने पर भी जोर दिया जा रहा है।
कॉलेज की पहचान को मिलेगा नया नाम
सरकार के अनुसार कॉलेज के नए नाम से चौधरी अजीत सिंह की पहचान और योगदान को विद्यार्थियों तक पहुंचाने में मदद मिलेगी। शासनादेश जारी होने के बाद कॉलेज की आधिकारिक पहचान ‘चौधरी अजीत सिंह जनता पीजी कॉलेज’ के रूप में हो जाएगी।