केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी शनिवार को अमृतसर पहुंचे। उन्होंने सबसे पहले सचखंड श्री हरिमंदिर साहिब (गोल्डन टेंपल) में माथा टेका और वाहेगुरु का शुकराना अदा किया। इसके बाद वे अमृतसर में आयोजित 20वें रोजगार मेले में शामिल हुए। यहां उन्होंने नव-नियुक्त युवाओं को नियुक्ति पत्र सौंपे।
20वें रोजगार मेले में शामिल हुए
हरदीप पुरी ने बताया कि यह देश में आयोजित 20वां रोजगार मेला है। उनके मुताबिक, इस अभियान के तहत अब तक देशभर में 12 लाख से ज्यादा युवाओं को सरकारी नौकरियों के नियुक्ति पत्र दिए जा चुके हैं। इसी कड़ी में देशभर में 51 हजार से ज्यादा नए नियुक्ति पत्र वितरित किए गए।
अर्थव्यवस्था और ईंधन पर बोले पुरी
केंद्रीय मंत्री ने 2014 के मुकाबले मौजूदा समय में भारतीय अर्थव्यवस्था की स्थिति का जिक्र किया। उन्होंने वैश्विक ऊर्जा बाजार में जारी उतार-चढ़ाव का उदाहरण देते हुए कहा कि दुनिया के कई हिस्सों में ईंधन बाजार प्रभावित हुआ है, लेकिन भारत में पेट्रोल-डीजल की उपलब्धता बनी हुई है। पुरी ने कहा कि देश में करीब 1 लाख 7 हजार पेट्रोल पंप आउटलेट हैं, लेकिन ईंधन की किल्लत या लंबी कतारें देखने को नहीं मिल रही हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने एक्साइज ड्यूटी में कटौती की, जिससे अंतरराष्ट्रीय बाजार में ईंधन महंगा होने के बावजूद भारत में कीमतों को नियंत्रण में रखने में मदद मिली।
E-20 ईंधन पर विपक्ष को जवाब
पेट्रोल में 20% इथेनॉल मिश्रण यानी E-20 को लेकर विपक्ष की ओर से उठाए जा रहे सवालों पर भी हरदीप पुरी ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि E-20 की शुरुआत 2023 में ही हो चुकी थी। पुरी ने आम आदमी पार्टी और अन्य विपक्षी दलों पर इस मुद्दे को लेकर अब सवाल उठाने और लोगों के बीच भ्रम फैलाने का आरोप लगाया।
पंजाब में नशे पर जताई चिंता
पंजाब में नशे की समस्या को लेकर भी केंद्रीय मंत्री ने चिंता जताई। उन्होंने कहा कि नशा राज्य की युवा पीढ़ी को प्रभावित कर रहा है। पुरी ने राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि सत्ता में आने से पहले नशे को खत्म करने का वादा किया गया था, लेकिन उनके अनुसार सरकार इस समस्या पर प्रभावी नियंत्रण नहीं कर पाई। उन्होंने यह भी कहा कि अकाली-भाजपा गठबंधन के समय भी पंजाब में नशे की समस्या मौजूद थी, लेकिन मौजूदा समय में हालात और गंभीर हैं।
BJP-अकाली गठबंधन पर बड़ा बयान
शिरोमणि अकाली दल और भाजपा के बीच संभावित गठबंधन और सीट शेयरिंग को लेकर हरदीप पुरी ने कहा कि यदि भविष्य में गठबंधन होता है तो समीकरण पहले जैसे नहीं होंगे। उन्होंने कहा कि अकाली दल पहले की तरह 'बड़े भाई' की भूमिका में रहकर 22 सीटों पर चुनाव नहीं लड़ेगा। पुरी के मुताबिक, अगर दोनों दलों के बीच समझौता होता है तो सीटों का बंटवारा बराबरी के आधार पर होगा। हालांकि, गठबंधन को लेकर अंतिम फैसला पार्टी नेतृत्व के स्तर पर होना है।