कैमूर पहाड़ी पर स्थित ऐतिहासिक रोहितेश्वर धाम में 24 नवंबर को रोहितेश्वर धाम महोत्सव आयोजित किया जाएगा। इस धार्मिक कार्यक्रम में बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी भी शामिल होंगे। मुख्यमंत्री ने महोत्सव में आने का निमंत्रण स्वीकार कर लिया है। उनके कार्यक्रम में शामिल होने की सहमति मिलने के बाद आयोजन समिति और स्थानीय श्रद्धालुओं में उत्साह है।
विधायक ने मुख्यमंत्री को दिया निमंत्रण
चेनारी विधायक मुरारी प्रसाद गौतम और राजबली सिंह ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने मुख्यमंत्री को रोहितेश्वर धाम महोत्सव में शामिल होने का निमंत्रण दिया। मुख्यमंत्री ने आमंत्रण स्वीकार करते हुए कार्यक्रम में आने की सहमति जताई। मुलाकात के दौरान चेनारी विधानसभा क्षेत्र से जुड़े कई मुद्दों पर भी चर्चा हुई। विधायक ने क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं से मुख्यमंत्री को अवगत कराया और उनके समाधान की मांग रखी। मुख्यमंत्री की सहमति के बाद अब आयोजन समिति ने महोत्सव की तैयारियां शुरू कर दी हैं।
भगवान शिव से जुड़ा है रोहितेश्वर धाम
रोहितेश्वर धाम को भगवान शिव का प्राचीन धार्मिक स्थल माना जाता है। इस स्थान को लेकर स्थानीय स्तर पर कई धार्मिक मान्यताएं प्रचलित हैं। मान्यता है कि राजा हरिश्चंद्र के पुत्र रोहित ने यहां भगवान शिव की स्थापना की थी। महोत्सव को लेकर समिति की ओर से तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। समिति के अध्यक्ष कृष्णा सिंह यादव समेत अन्य सदस्यों ने मुख्यमंत्री के प्रति आभार जताया है। कार्यक्रम में श्रद्धालुओं की संभावित भीड़ को देखते हुए आयोजन से जुड़ी व्यवस्थाओं पर भी काम किया जा रहा है।
पार्टी जो जिम्मेदारी देगी, उसे पूरा करूंगी
आजतक से बातचीत के दौरान मैथिली ठाकुर से पूछा गया कि क्या वह भविष्य में मंत्री बनना चाहती हैं। इस पर उन्होंने कहा कि उनके मन में विधायक बनने की इच्छा तक नहीं थी। पार्टी ने उन्हें चुनाव लड़ने के लिए कहा और उन्होंने चुनाव लड़ा। मैथिली ने कहा कि पार्टी उन्हें आगे जो भी काम या जिम्मेदारी देगी, वह उसे पूरा करेंगी। उन्होंने पार्टी के फैसले को अपनी प्राथमिकता बताते हुए कहा कि वह मिली जिम्मेदारी को पूरी तरह निभाने की कोशिश करेंगी।