डॉक्टर से जैश की महिला विंग की मुखिया तक का सफर
दिल्ली पुलिस के सूत्रों के मुताबिक, लखनऊ निवासी डॉ. शाहीना शाहिद को पाकिस्तान से मिले आदेश के बाद भारत में जैश-ए-मोहम्मद की महिला विंग स्थापित करने की जिम्मेदारी दी गई थी। यह संगठन, जिसे “जमात-उल-मोमिनात” नाम से संचालित किया जा रहा था, भारत और पाकिस्तान की महिलाओं को आतंकी गतिविधियों से जोड़ने का काम कर रहा था। [caption id="attachment_116277" align="alignnone" width="689"]
डॉ. शाहीना शाहिद[/caption]
शाहीना की पहचान एक शिक्षित और पेशेवर डॉक्टर के रूप में थी, लेकिन जांच में सामने आया कि वह गुप्त रूप से इस संगठन के लिए काम कर रही थी। उसके सोशल मीडिया और डिजिटल रिकॉर्ड्स की जांच में कई संदिग्ध चैट और कॉल डिटेल्स सामने आई हैं, जिनमें पाकिस्तान स्थित हैंडलर्स से लगातार संपर्क के संकेत मिले हैं।
Shaheena Shahid Delhi Blast: फरीदाबाद मॉड्यूल से जुड़े तार
यह मामला तब सुर्खियों में आया जब फरीदाबाद के आतंकी मॉड्यूल से करीब 350 किलोग्राम संदिग्ध विस्फोटक सामग्री, हथियार और गोला-बारूद बरामद किए गए। इस मॉड्यूल में कुल 7 आरोपी शामिल थे, जिनमें तीन डॉक्टर – डॉ. शाहीना शाहिद, डॉ. मुजम्मिल शकील और डॉ. आदिल अहमद राठेर – प्रमुख भूमिका में थे। जांच एजेंसियों ने बताया कि यह मॉड्यूल दिल्ली और अन्य बड़े शहरों में हमले की साजिश रच रहा था। इन आरोपियों को दिल्ली हमले से कुछ घंटे पहले ही गिरफ्तार किया गया, जिससे एक बड़ी आतंकी घटना टल गई। Read More: दिल्ली धमाके के फरार आतंकी डॉ. उमर मुहम्मद की पहली तस्वीर…हादसे में 9 मौतें, 24 घायल, धमाके के पहले का CCTV आया सामनेप्रेम संबंध बना खतरे की जड़
सूत्रों के मुताबिक, डॉ. शाहीना शाहिद का करीबी संबंध डॉ. मुजम्मिल गनई उर्फ मुसैब से था, जो पहले ही फरीदाबाद मॉड्यूल में गिरफ्तार हो चुका है। कहा जा रहा है कि शाहीना ने मुसैब के संपर्क में आने के बाद कट्टरपंथी विचारधारा अपनाई और जैश-ए-मोहम्मद की महिला इकाई से जुड़ गई। जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि दोनों ने फरीदाबाद के अल-फलाह अस्पताल में एक साथ काम किया था। इसी दौरान वे पाकिस्तान के हैंडलर्स से संपर्क में आए और आतंकी संगठन के लिए भारत में नेटवर्क तैयार करने लगे। [caption id="attachment_116278" align="alignnone" width="570"]
ब्लास्ट के पीछे डॉक्टरों का नेटवर्क[/caption]
हथियार और विस्फोटक बरामद
Shaheena Shahid Delhi Blast: जांचकर्ताओं ने बताया कि शाहीना शाहिद की कार (HR 51 नंबर) से एक असॉल्ट राइफल (AK-47), गोला-बारूद और संदिग्ध दस्तावेज बरामद किए गए हैं। वहीं, मुजम्मिल शकील के ठिकाने से भारी मात्रा में विस्फोटक सामग्री, असॉल्ट राइफलें और पिस्तौलें मिलीं। एजेंसियों का मानना है कि यह मॉड्यूल भारत में जैश-ए-मोहम्मद के लिए स्थानीय भर्ती और आतंकी हमलों की योजना बनाने का काम कर रहा था। https://youtu.be/QKsd3UdX77Q?si=3CRK--MI5DBFKv_Vपाकिस्तान से सीधा कनेक्शन
जांच एजेंसियों के अनुसार, यह पहली बार है जब जैश-ए-मोहम्मद ने भारत में महिला विंग सक्रिय करने की आधिकारिक कोशिश की है। पाकिस्तान में बैठे आतंकियों ने अक्टूबर 2025 में “जमात-उल-मोमिनात” नाम से महिला इकाई लॉन्च की थी। इस इकाई का उद्देश्य भारत और पाकिस्तान दोनों देशों की महिलाओं को “जिहाद” के नाम पर प्रभावित करना और आतंकी नेटवर्क में शामिल करना था। सादिया अजहर, जो मसूद अजहर की बहन बताई जाती है, इस संगठन को पाकिस्तान से संचालित कर रही थी। [caption id="attachment_116279" align="alignnone" width="640"]
जांच में जुटी टीम[/caption]