भोपाल। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के मद्देनजर 'सेवा संकल्प अभियान' का आयोजन किया जा रहा है। इस अभियान के तहत मध्यप्रदेश में 'मेरे सपनों का भारत' चित्रकला और भाषण प्रतियोगिता आयोजित की गई। इस प्रतियोगिता के परिणाम 6 अक्टूबर को घोषित किए गए। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल के टीटी नगर स्थित मॉडल स्कूल में विद्यार्थियों की रचनात्मक कलाओं का अवलोकन किया। उन्होंने उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कार प्रदान किए। सीएम डॉ. मोहन यादव ने संवाद के दौरान विद्यार्थियों को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।

इस प्रतियोगिता में करीब 50 लाख बच्चों ने सहभागिता की। चित्रकला प्रतियोगिता में नरसिंहपुर की छात्रा आयुषी अहिरवार ने पहला स्थान प्राप्त किया। जबकि, बालाघाट की डीनू बोपचे दूसरे और टीकमगढ़ की आयुषी सिद्धि नामदेव तीसरे नंबर पर रहीं। रायसेन के अनुभव राजपूत और डिंडौरी के साजन कुमार बर्मन को सांत्वना पुरस्कार मिला। इसी तरह भाषण प्रतियोगिता में अशोक नगर जिले की श्रीजी मिश्रा पहले स्थान पर रहीं। धार के छवि मंगरेलिया दूसरे और गुना की रानी रजक तीसरे स्थान पर रहीं।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे हो रहे हैं। सेवा संकल्प अभियान- 2026 में पूरा देश एक साथ खड़ा है। प्रधानमंत्री मोदी तीन बार गुजरात के मुख्यमंत्री बने और अब तीसरी बार देश के प्रधानमंत्री हैं। गुजरात के मुख्यमंत्री के कार्यकाल में उन्होंने राज्य की अनेक चुनौतियों को समाप्त करते हुए गुजरात को एक सशक्त और समृद्ध प्रदेश बनाया। उनके कार्यकाल में पेट्रोकेमिकल की रिफाइनरी गुजरात में स्थापित हुईं, जिससे आज भारत ईंधन के मामले में आत्मनिर्भर बन पाया है। उन्होंने कहा कि हमारे विद्यार्थियों ने अपने मन के भाव को भाषण और चित्रों के माध्यम से कल्पनाशीलता को अंकित किया है। प्रधानमंत्री मोदी ने मेरा भारत और विकसित भारत की संकल्पना के भाव से बड़े से बड़े फैसले लिए और उन्हें सरलता से लागू भी किया। आज हमारा डिजिटल भारत दुनिया में सबसे अधिक यूपीआई ट्रांजैक्शन करने वाला देश है। प्रधानमंत्री मोदी ने विकास को विरासत से जोड़कर आगे बढ़ाया है। कई सालों तक ब्रिटिश काल में बने भवन में हमारी संसद चलती रही। लेकिन अब हमारी संसद का नया भवन ऐसा बना है, जिसमें भारतीयता के दर्शन होते हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने लोकतंत्र को गौरवान्वित करते हुए सार्वजनिक जीवन जिया है। यह गर्व का विषय है कि अमेरिका के राष्ट्रपित भी हमारी चुनाव प्रक्रिया की तारीफ करते हुए उसे अपनाने की मंशा जताते हैं। प्रधानमंत्री मोदी की छवि वैश्विक नेताओं के बीच कुछ अलग ही दिखती है।
बच्चों को दी कई सुविधाएं
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश के 60 हजार से अधिक शासकीय और अशासकीय विद्यालयों के 50 लाख विद्यार्थियों ने प्रधानमंत्री मोदी के जन्मदिवस के सेवा संकल्प अभियान में सहभागिता की है। विद्यार्थियों ने स्वच्छता, पौधारोपण, प्रकृति संरक्षण, जल संरक्षण, गरीबों की मदद करना, माता-पिता की सेवा करने और सुशासन पर विश्वास करते हुए देश के लिए प्रतिबद्धता से साथ सभी कामों को ईमानदारी से करने का संदेश दिया है। प्रधानमंत्री मोदी ने डीबीटी की शुरुआत की, जरूरतमंदों को उनके हक की रकम सीधे बैंक खाते में पहुंचती है। देश के साथ मध्यप्रदेश भी तेजी से बदल रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारी सरकार ने अगामी 2 वर्ष में स्कूलों के सभी जर्जर भवनों के स्थान पर नए भवन तैयार करने का संकल्प लिया है। मेधावी विद्यार्थियों को स्कूटी, लैपटॉप और किताब, ड्रेस भी नि:शुल्क दी जा रही हैं। हमारी सरकार ने वर्षों से लंबित शिक्षकों के प्रमोशन कर उन्हें भी नई सौगात दी है। स्कूलों के बेहतर शिक्षा के लिए शिक्षकों की नई भर्ती भी की जाएगी।

भारत को हर हाल में बनाएंगे विकसित
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में 21 वर्ष बाद दोबारा राज्य परिवहन निगम की बस सेवा की शुरुआत की गई है। ये बसें प्रदेश के दूर-दराज के क्षेत्रों में भी नागरिकों को सुगम परिवहन की सुविधा उपलब्ध कराएंगी। स्कूलों में विद्यार्थियों के आवागमन के लिए भी बसें संचालित की जा रही हैं। हमारी सरकार राज्य को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए प्रत्येक क्षेत्र में संकल्प के साथ कार्य कर रही है। मध्यप्रदेश सबसे कम बेरोजगारी दर वाला राज्य बना है। प्रदेश सरकार वर्ष 2027 को युवा वर्ष के रूप में मनाने जा रही है। युवाओं की बेहतरी के लिए नए संकल्प लिए हैं। प्रदेश में 12 नए मेडिकल कॉलेज और 12 नई स्कूल यूनिवर्सिटी शुरू की जाएंगी। युवा वर्ष में सालाना पीएससी परीक्षा के साथ ही एक स्पेशल पीएससी परीक्षा भी आयोजित की जाएंगी। युवा वर्ष के आयोजन के लिए युवाओं से भी सुझाव लिए जा रहे हैं। हमारे अमृतकाल की युवा पीढ़ी वर्ष 2047 तक भारत को विकसित भारत बनाएगी।

42 हजार स्कूलों के लाखों छात्रों ने लिया हिस्सा
कार्यक्रम में स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के अवसर पर सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित भाषण एवं चित्रकला प्रतियोगिता में स्कूली बच्चों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। प्रदेश के 42 हजार से अधिक विद्यालयों में जिला स्तर, ब्लॉक स्तर और राज्य स्तर पर 'मेरे सपनों का भारत' विषय पर चित्रकला और भाषण प्रतियोगिता आयोजित की गई। इसमें कक्षा 6 से 12वीं तक के 50 लाख से अधिक विद्यार्थियों ने सहभागिता की। इन प्रतियोगिताओं के माध्यम से विकसित भारत के लिए हमारे बच्चों के विचार खुलकर सामने आए।
विजेताओं ने बताया कैसा हो हमारा देश
भाषण प्रतियोगिता में प्रथम आई बच्ची श्रीजी मिश्रा ने कहा कि अगर मुझे मेरे सपनों का भारत एक तस्वीर में बनाने को कहा जाए, तो मैं उसमें सिर्फ ऊंची इमारतें नहीं बनाऊंगी, बल्कि ऐसा भारत बनाऊंगी, जहां हर बच्चा सपने देखने की हिम्मत करे और उन्हें पूरा करने का अवसर भी पाए। आदरणीय मुख्यमंत्री जी, सम्मानित निर्णायकगण एवं उपस्थित सभी महानुभावों को मेरा सादर नमन। मैं श्रीजी मिश्रा, सेंट मीरा कॉन्वेंट हायर सेकेंडरी स्कूल, मुंगावली की कक्षा 7वीं की छात्रा हूं। आज मैं आपके सामने मेरे सपनों के भारत की तस्वीर प्रस्तुत करने आई हूं। मेरे सपनों का भारत वह होगा, जहां बच्चे की पहचान उसके गांव, शहर या परिवार से नहीं, बल्कि उसकी प्रतिभा और मेहनत से हो। इसी तरह अन्य विजेताओं ने भी अपने विचार रखे।
सुंदर-स्वच्छ भारत की तस्वीर
सेवा संकल्प अभियान- 2026 के अंतर्गत इन 50 लाख से अधिक विद्यार्थियों ने अपनी कल्पना शक्ति और विचारों को चित्रों और भाषणों के माध्यम से अभिव्यक्त किया। किसी ने स्वच्छ और सुंदर भारत की तस्वीर प्रस्तुत की तो किसी ने शिक्षा, रोजगार, तकनीक, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक समानता से जुड़े अपने विचार साझा किए। चित्रकला प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने रंगों के माध्यम से अपने सपनों के भारत की तस्वीर कागज पर उकेरी। भाषण प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने बताया कि वे आने वाले समय में भारत को किस रूप में देखना चाहते हैं। प्रतिभागियों ने विकसित, आत्मनिर्भर, स्वच्छ, शिक्षित और समृद्ध भारत की परिकल्पना प्रस्तुत की। प्रतियोगिता का उद्देश्य प्रतिभागियों को अपने विचारों और कल्पनाओं को रचनात्मक माध्यम से व्यक्त करने का अवसर देना था। कार्यक्रम में बच्चों और युवाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। उनके चित्रों और भाषणों में देश के प्रति सकारात्मक सोच और बेहतर भविष्य की उम्मीद दिखाई दी।