मध्यप्रदेश के पर्यटन क्षेत्र को देश-दुनिया के सामने नई पहचान दिलाने के उद्देश्य से आयोजित MP Travel Mart को लेकर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश की पर्यटन संभावनाओं और विकास परियोजनाओं को रेखांकित किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश के लिए यह दिन विशेष है और सरकार ने पिछले वर्ष तय किया था कि MP Travel Mart का आयोजन हर साल एक निश्चित तिथि पर किया जाएगा, ताकि देश-विदेश के पर्यटन क्षेत्र से जुड़े लोगों को प्रदेश की समृद्ध विरासत और पर्यटन स्थलों से जोड़ा जा सके।
पर्यटन विकास में PM मोदी के प्रयासों का उल्लेख
डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश ने विभिन्न क्षेत्रों में प्रगति की है और पर्यटन भी उनकी प्राथमिकताओं में शामिल रहा है। मुख्यमंत्री के मुताबिक, देश-विदेश के राष्ट्राध्यक्षों को भारत की सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत से परिचित कराने के प्रयासों ने पर्यटन की नई संभावनाओं को सामने रखा है।
उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश भी इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। प्रदेश में ऐतिहासिक धरोहर, प्राकृतिक संपदा और वन्यजीव पर्यटन के साथ आधुनिक विकास परियोजनाओं को जोड़कर पर्यटन के नए अवसर तैयार किए जा रहे हैं।
कूनो के बाद गांधी सागर और नौरादेही में चीता
मुख्यमंत्री ने चीता पुनर्स्थापना परियोजना का उल्लेख करते हुए कहा कि 17 सितंबर 2022 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कूनो में चीता पुनर्स्थापना परियोजना का शुभारंभ किया था। नामीबिया और दक्षिण अफ्रीका से चीतों को लाकर कूनो में बसाने के बाद मध्यप्रदेश के वन्यजीव और पर्यटन क्षेत्र को नई पहचान मिली है।
उन्होंने कहा कि दक्षिण एशिया में चीता पुनर्वास की चर्चा मध्यप्रदेश के संदर्भ में प्रमुखता से होती है। अब कूनो-पालपुर के साथ गांधी सागर और नौरादेही में भी चीतों को बसाया जा रहा है।

नए टाइगर रिजर्व और नदी जोड़ो परियोजना का जिक्र
CM डॉ. मोहन यादव ने भोपाल के पास डॉ. विष्णु श्रीधर वाकणकर के नाम पर बनाए गए नए टाइगर रिजर्व का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि यहां टाइगर 40 किलोमीटर के बजाय 15 किलोमीटर के दायरे में रहना पसंद कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने नदी जोड़ो अभियान के तहत उज्जैन में किए जा रहे कार्य का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि खान नदी को 20 किलोमीटर लंबी भूमिगत सुरंग के माध्यम से शिप्रा नदी से जोड़ते हुए गंभीर नदी में शिफ्ट किया गया है।
चंबल-गांधी सागर में बड़े पंप स्टोरेज प्रोजेक्ट का दावा
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्लीमनाबाद टनल के बाद अब चंबल-गांधी सागर क्षेत्र में दुनिया का सबसे बड़ा पंप स्टोरेज पावर प्रोजेक्ट शुरू होने जा रहा है। उनके अनुसार, इस परियोजना में पर्यटन और ऊर्जा, दोनों क्षेत्रों में नई संभावनाएं पैदा करने की क्षमता है।
उन्होंने कहा कि MP Travel Mart जैसे आयोजनों के माध्यम से मध्यप्रदेश की प्राकृतिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत को वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर और मजबूती से स्थापित करने का प्रयास किया जा रहा है।