बड़ी राजनीतिक उथल-पुथल

TMC के 28 सांसदों में से 20 ने ममता का साथ छोड़ा, NDA का समर्थन करेंगे

TMC के 20 लोकसभा सांसदों ने NDA को समर्थन देने का निर्णय लिया है। सुखेंदु शेखर ने राज्यसभा से इस्तीफा दे दिया और ममता की आलोचना की।

TMC के 28 सांसदों में से 20 ने ममता का साथ छोड़ा, NDA का समर्थन करेंगे

TMC के 28 सांसदों में से 20 ने ममता का साथ छोड़ा

विधायकों के बाद अब TMC के सांसदों ने भी ममता का साथ छोड़ दिया है। लोकसभा के 28 सांसदों में से 20 ने NDA सरकार को समर्थन देने का फैसला किया है। सांसद और TMC की पूर्व नेता काकोली घोष दस्तीदार ने भी यही दावा किया। उन्होंने बताया कि 20 सांसदों ने NDA को समर्थन देने की जानकारी लोकसभा स्पीकर ओम बिरला को दे दी है। जल्द ही स्पीकर को पत्र भी भेज दिया जाएगा।

TMC के वरिष्ठ नेता सुखेंदु शेखर रे ने राज्यसभा सांसद पद से इस्तीफा दे दिया और पार्टी भी छोड़ दी। उन्होंने ममता बनर्जी के 15 साल के अराजक शासन को पार्टी की हार का नतीजा बताया और BJP की तारीफ की।

ममता का साथ छोड़ा

इधर, विधायकों के बाद अब TMC के सांसद भी ममता का साथ छोड़ने की तैयारी कर रहे हैं। आज दोपहर 21 लोकसभा सांसद केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव के घर पर मीटिंग की गई। इस दौरान बंगाल CM शुभेंदु अधिकारी और सुखेंदु शेखर भी मौजूद रहे। इस मीटिंग की तस्वीर सामने आई, जिसमें शर्मिला सरकार, प्रसून बनर्जी, कालीपद सोरेन, जगदीश बसुनिया और अरूप चक्रवर्ती नजर आए।


TCM की बढ़ी मुश्किलें

लोकसभा में TMC के 28 और राज्यसभा में 13 सांसद हैं। पिछले दिनों हुए घटनाक्रम में पश्चिम बंगाल के 80 में से 58 विधायक अलग गुट बना चुके हैं। सुखेंदु ने इस्तीफे के बाद मीडिया से बात करते हुए कहा था कि पार्टी के कई लोग ममता मनमाने ढंग से पार्टी चला रही थीं, इसी वजह से उन्होंने इस्तीफा दे दिया। 

‘15 साल के अराजक शासन का नतीजा’

सुखेंदु शेखर के इस्तीफे पर बंगाल में विपक्ष के नेता ऋतब्रत बनर्जी ने कहा कि यह सिर्फ सुखेंदु की निजी बात नहीं की है। मैंने सुखेंदु से सीधे बात नहीं की है, लेकिन TV पर उनके बयान देखे और सुने हैं। मैं उनकी बातों से सहमत हूं। राज्यसभा के कामकाज को लेकर सुखेंदु शेखर की बात काफी हद तक सही है। संसद कोई क्विज खेलने की जगह नहीं है। अपने इस्तीफे में सुखेंदु शेखर ने हाल ही में हुए पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों में TMC की हार के लिए पार्टी की आलोचना की। इस जनादेश को ममता बनर्जी के 15 साल के अराजक शासन का नतीजा बताया।

संबंधित सामग्री

CM साय ने किया उपन्यास ‘कोहरा’ का विमोचन,बोले- साहित्य समाज का आईना

CM साय ने किया उपन्यास ‘कोहरा’ का विमोचन,बोले- साहित्य समाज का आईना

रायपुर में आयोजित साहित्यिक कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने करुणा सागर पांडा के उपन्यास 'कोहरा' का विमोचन किया, जिसमें नक्सलवाद और 'लव जिहाद' जैसे मुद्दों को उठाया गया है।

परीक्षा हॉल में चरणजीत चन्नी की तस्वीर पर विवाद, नियमों को लेकर उठे सवाल

परीक्षा हॉल में चरणजीत चन्नी की तस्वीर पर विवाद, नियमों को लेकर उठे सवाल

पंजाब यूनिवर्सिटी में परीक्षा के दौरान ली गई तस्वीर के कारण विवाद उत्पन्न हुआ, जिसमें चरणजीत सिंह चन्नी की सुरक्षा और नियमों का पालन शामिल है।

गोविंदा और सुनीता आहूजा ने एक-दूसरे को इंस्टाग्राम पर किया अनफॉलो

गोविंदा और सुनीता आहूजा ने एक-दूसरे को इंस्टाग्राम पर किया अनफॉलो

बॉलीवुड अभिनेता गोविंदा और उनकी पत्नी सुनीता आहूजा ने एक-दूसरे को इंस्टाग्राम पर अनफॉलो कर दिया है, जिससे तलाक की अफवाहें फिर से उठने लगी हैं।

सावन सोमवार के व्रत में साबूदाना हलवा: आसान रेसिपी और टिप्स

सावन सोमवार के व्रत में साबूदाना हलवा: आसान रेसिपी और टिप्स

सावन के आखिरी सोमवार पर व्रत के दौरान साबूदाना हलवा बनाने की आसान रेसिपी और टिप्स जो हलवे को खिला-खिला बनाती हैं।

सावन का आखिरी सोमवार आज व्रत के लिए बनायें खिले-खिले साबूदाना का हलवा

सावन का आखिरी सोमवार आज व्रत के लिए बनायें खिले-खिले साबूदाना का हलवा

सावन के अंतिम सोमवार पर व्रती जनों के लिए साबूदाना हलवा बनाने की विशेष रेसिपी और टिप्स। इसे बनाने के लिए सही तरीके से साबूदाना भिगोना और पकाना महत्वपूर्ण है।

Advertisement

UK Add नीति आयोग द्वारा जारी 03 on 25 Aug 2026