भविष्य को बेहतर बनाने के प्रति सरकार ने की पहल.. CM भगवंत सिंह मान ने वितरित किए...

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भविष्य को बेहतर बनाने के प्रति सरकार ने की पहल.. CM भगवंत सिंह मान ने वितरित किए विद्यार्थियों को वजीफा

भविष्य को बेहतर बनाने के प्रति सरकार ने की पहल cm भगवंत सिंह मान ने वितरित किए विद्यार्थियों को वजीफा

Chief Minister Bhagwant Singh Mann: जलंधर के पीएपी ग्राउंड में अनुसूचित जाति (SC) वर्ग के 2.7 लाख से अधिक विद्यार्थियों को वजीफा वितरण की शुरुआत हुई. इस दौरान मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि.. 'रंगला पंजाब' मिशन तहत 271 करोड़ रुपये का पोस्ट-मैट्रिक वजीफा अपने बच्चों के भविष्य को बेहतर बनाने के प्रति सरकार की पहल को स्पष्ट करता है. साथ ही उन्होंने कहा की साल 2020-21 के मुकाबले लाभार्थियों की संख्या में 35 प्रतिशत वृद्धि होगी. [caption id="attachment_131512" align="alignnone" width="300"]Bhagwant Singh Mann Bhagwant Singh Mann[/caption]

विद्यार्थी परीक्षाओं में बैठने से वंचित रह जाते

सीएम मान ने कहा कि.. यह वृद्धि सरकार के शिक्षा सुधारों की गवाही देती है. उन्होंने कहा कि स्कॉलरशिप केवल वित्तीय मदद नहीं है बल्कि स्व-निर्भरता का जरिया है. हमारी सरकार ने इस योजना के साथ जान-बूझकर कई साल अनदेखी करते सिस्टम को दुरुस्त करने का बड़ा प्रयास किया है क्योंकि फंड जारी करने में देरी करने और फंडों के दुरुपयोग से विद्यार्थी परीक्षाओं में बैठने से वंचित रह जाते थे.

Chief Minister Bhagwant Singh Mann: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने एक्स पर लिखा की

"आज जालंधर के पी.ए.पी. ग्राउंड जहां अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों को स्कॉलरशिप दी गई जिससे राज्य भर के 2.7 लाख से अधिक बच्चों को स्कॉलरशिप वितरण की शुरुआत हुई. इस पहलकदमी का मुख्य उदेश्य यह यकीनी बनाना है कि जरूरतमंद परिवारों के बच्चे उच्च शिक्षा प्राप्त करने के योग्य हों। साल 2020-21 के मुकाबले, 2024-25 में स्कारशिप प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों की संख्या में 35 प्रतिशत का वृद्धि हुई है.

अपने सपनों को छोड़ने के लिए मजबूर न हो

कोशिश यह यकीनी बनाने की है कि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे या पैसे की कमी के कारण अपने सपनों को छोड़ने के लिए मजबूर न हो।" मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा की, "घपलों से लेकर 'रंगले पंजाब' तक, पोस्ट-मैट्रिक वजीफा स्कीम सामाजिक बदलाव का शक्तिशाली संसाधन बन गई है. सीएम का कहना है की यह स्कीम लगभग ठप हो गई थी, जिस कारण शिक्षा सस्थाओं ने विद्यार्थियों की डिग्रियां रोक ली थी.

Chief Minister Bhagwant Singh Mann: 'मघदा रहें वे सूरजा कम्मियां दे विहड़े' भी सांझी की

मुख्यमंत्री ने कहा, कमजोर और पिछड़े वर्गों की तकदीर बदलने के लिए शिक्षा ही एक ही जरिया है। बदकिस्मती से सरकारों ने जान-बूझकर इन विद्यार्थियों को लगातार किताबों से दूर रखा. मुख्यमंत्री ने स्टेज से संत राम उदासी की कविता, 'मघदा रहें वे सूरजा कम्मियां दे विहड़े' भी सांझी की.

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