रतलाम का ‘चोरी का बिजनेस मॉडल’ सुनकर पुलिस भी हैरान! 10 साल से छोटी चोरी कर चला रहा था घर
मध्य प्रदेश के रतलाम में पुलिस ने एक ऐसे शातिर चोर को गिरफ्तार किया है, जिसकी चोरी करने की सोच ने सभी को हैरान कर दिया। आरोपी पिछले करीब 10 सालों से छोटी-मोटी चोरियां कर अपना गुजारा चला रहा था। उसका मानना था कि कम रकम की चोरी होने पर लोग पुलिस में शिकायत दर्ज नहीं कराते और बिना एफआईआर के पुलिस भी उस तक नहीं पहुंच पाएगी।
चार हजार की चोरी से खुला राज
मामला रतलाम के रिद्धि-सिद्धि एवेन्यू इलाके का है। यहां रहने वाले देवेंद्र डोडियार के घर में रविवार रात चोरी हुई थी। चोर घर से करीब 4 हजार रुपये लेकर फरार हो गया था। नुकसान कम होने के कारण पीड़ित एफआईआर दर्ज कराने में हिचक रहे थे, लेकिन डीएसपी और थाना प्रभारी गायत्री सोनी ने समझाया कि अपराध छोटा या बड़ा नहीं होता, हर शिकायत दर्ज होना जरूरी है।
सीसीटीवी से पकड़ में आया आरोपी
पुलिस ने मामले की जांच शुरू करते हुए आसपास के सीसीटीवी कैमरे खंगाले। फुटेज में रात करीब 3:30 बजे चड्डी-बनियान गैंग के कुछ संदिग्ध लोग दिखाई दिए। शुरुआत में पुलिस को शक इसी गैंग पर गया, लेकिन आगे की फुटेज देखने पर सुबह करीब 5 बजे एक अन्य व्यक्ति घर से निकलता नजर आया। जांच के बाद उसकी पहचान दीपक उर्फ मांगा गोयल के रूप में हुई।
पूछताछ में सामने आया चोरी का तरीका
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह कभी बड़ी चोरी नहीं करता था। वह केवल 2 से 4 हजार रुपये तक की चोरी करता था ताकि पीड़ित शिकायत दर्ज न कराएं। आरोपी ने कबूल किया कि इसी तरीके से वह पिछले 10 सालों से चोरी कर अपना घर चला रहा था। पूछताछ में उसने अन्य चोरी की वारदातों का भी खुलासा किया।
अन्य मामलों में भी शामिल था आरोपी
आरोपी ने कस्तूरबा नगर से बिजली की केबल चोरी और सिद्धांचलम कॉलोनी से नल की टोंटियां चोरी करने की बात भी स्वीकार की। पुलिस ने उसके कब्जे से चोरी के 4 हजार रुपये बरामद कर उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
पुलिस ने लोगों से की अपील
डीएसपी गायत्री सोनी ने लोगों से अपील की है कि चोरी की रकम चाहे कम हो या ज्यादा, हर हाल में पुलिस को सूचना दें और शिकायत दर्ज कराएं। पुलिस का कहना है कि छोटी घटनाओं की अनदेखी करने से आदतन अपराधियों का हौसला बढ़ता है।