Udaipur ANM suicide: राजस्थान के उदयपुर जिले से शुक्रवार को एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक सरकारी डॉक्टर के क्वार्टर में रह रही एएनएम (ऑक्सिलरी नर्स मिडवाइफ) ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद डॉक्टर के फरार होने और फिर पुलिस द्वारा उसे हिरासत में लेने से पूरे मामले ने गंभीर मोड़ ले लिया है।
क्वार्टर में रह रही थी, देर रात उठाया कदम

प्राप्त जानकारी के अनुसार, एएनएम पिछले चार दिनों से डॉक्टर के सरकारी आवास पर रह रही थी। बुधवार देर रात उसने पंखे से फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। बताया जा रहा है कि घटना के बाद डॉक्टर ने शव को पंखे से उतारकर क्वार्टर की सीढ़ियों पर रख दिया और परिजनों को सूचना देकर मौके से फरार हो गया।
प्रेम संबंध और शादी का दबाव बना वजह
पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि डॉक्टर सुरेंद्र बिजारणिया और एएनएम अनीता के बीच प्रेम संबंध थे। अनीता डॉक्टर पर शादी का दबाव बना रही थी, जबकि डॉक्टर पहले ही दिसंबर में किसी अन्य महिला से विवाह कर चुका था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच तनाव चल रहा था, जो इस दुखद घटना में बदल गया।
करीब पोस्टिंग, बढ़ी नजदीकियां
दोनों स्वास्थ्यकर्मी उदयपुर जिले के कानोड़ क्षेत्र में कार्यरत थे। डॉक्टर सुरेंद्र बिजारणिया कानोड़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में तैनात थे, जबकि अनीता पास के राजपुरा स्वास्थ्य केंद्र में कार्यरत थी, जो महज 4 किलोमीटर की दूरी पर है। नियमित मीटिंग और कार्य के दौरान दोनों की मुलाकातें बढ़ीं और संबंध गहराते गए।

फरारी के बाद पुलिस ने किया डिटेन
घटना की सूचना मिलते ही परिजनों ने पुलिस को जानकारी दी। मौके पर पहुंची पुलिस को डॉक्टर अस्पताल से गायब मिला, जबकि उसकी नाइट ड्यूटी थी। पुलिस ने तुरंत नाकाबंदी कराई और देर रात चित्तौड़गढ़ जिले में उसे पकड़ लिया गया। फिलहाल डॉक्टर को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
जांच जारी, स्वास्थ्यकर्मियों में रोष
पुलिस ने मामले को संवेदनशील बताते हुए कहा है कि हर पहलू की निष्पक्ष जांच की जा रही है। वहीं, इस घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों में आक्रोश देखने को मिल रहा है।
