मध्यप्रदेश के कटनी जिले में पदस्थ CSP नेहा पच्चीसिया को हाईकोर्ट से झटका लगा है। विभागीय कार्रवाई और अधिकारों में कटौती से जुड़े पुलिस विभाग के आदेशों को चुनौती देते हुए उन्होंने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। मंगलवार को जस्टिस विवेक कुमार सिंह की कोर्ट ने याचिका खारिज कर दी।
प्रशासनिक आदेश में दखल से इनकार
सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि पुलिस अधिकारियों से जुड़े प्रशासनिक आदेशों में अदालत का हस्तक्षेप उचित नहीं है। कोर्ट ने पुलिस विभाग की कार्रवाई पर फिलहाल रोक लगाने से इनकार करते हुए CSP को राहत नहीं दी।
CM मोहन यादव ने लिया सख्त एक्शन
मामले पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भी सख्त रुख अपनाया है। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए बताया कि कटनी में सामने आए गंभीर प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए मुख्य सचिव को संबंधित CSP के विरुद्ध तत्काल निलंबन की कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
लापरवाही और पद के दुरुपयोग पर सख्त संदेश
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि कानून व्यवस्था से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही, दबाव या पद के दुरुपयोग को स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने की बात कही है। अब इस मामले में विभागीय जांच और आगे की कार्रवाई पर नजर रहेगी।
कटनी में सामने आए गंभीर प्रकरण को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गंभीरता से लेते हुए मुख्य सचिव को संबंधित CSP के विरुद्ध तत्काल निलंबन की कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
— Chief Minister, MP (@CMMadhyaPradesh) August 21, 2026
मुख्यमंत्री जी ने स्पष्ट किया है कि कानून व्यवस्था से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही, दबाव या पद के…
तीन थानों का प्रभार छीना गया था
CSP नेहा पच्चीसिया पर एक ट्रांसपोर्टर की शिकायत के बाद अवैध वसूली के आरोप लगे थे। इसके बाद कटनी एसपी ने उनके अधीन आने वाले तीन थानों का प्रभार वापस ले लिया था। उनके कार्यालय में पदस्थ कर्मचारियों पर भी कार्रवाई हुई थी और CSP के ड्राइवर को निलंबित किया गया था।
अधिकार घटाने के आदेश को दी थी चुनौती
नेहा पच्चीसिया ने अपनी याचिका में दावा किया था कि उनके अधिकार कम करने का कोई ठोस आधार नहीं बताया गया। उन्होंने कदाचार से जुड़े आरोपों से भी इनकार किया था। उनका कहना था कि विभाग का फैसला उनके काम और अधिकारों को प्रभावित करने वाला है।
कोर्ट में गिनाईं अपनी उपलब्धियां
याचिका के दौरान CSP की ओर से पुलिस सेवा से जुड़े कई कार्यों का उल्लेख किया गया। इनमें गुना में महिला पुलिस के लिए मोबाइल पुलिस स्टेशन शुरू करने और मंडला में अवैध गौमांस तस्करी रोकने जैसी कार्रवाइयों का हवाला दिया गया। हालांकि कोर्ट ने इन दलीलों के बावजूद प्रशासनिक आदेश में हस्तक्षेप नहीं किया।