राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर आयोजित ‘खेलो इंडिया संवाद- खेल की बात पीएम मोदी के साथ’ कार्यक्रम में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुरुवार को वर्चुअल माध्यम से सहभागिता की। उन्होंने जबलपुर के डुमना एयरपोर्ट से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कार्यक्रम में हिस्सा लिया। इस दौरान जबलपुर के सिविल लाइंस स्थित शासकीय महाकौशल कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय में मौजूद युवाओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संबोधन लाइव सुना।
कार्यक्रम में प्रधानमंत्री मोदी ने देशभर की करीब 1,600 संस्थाओं से जुड़े 8 लाख से अधिक युवाओं के साथ वर्चुअली संवाद किया। उन्होंने राष्ट्रीय खेल दिवस पर युवाओं और खेल जगत से जुड़े लोगों को शुभकामनाएं देते हुए हॉकी के महान खिलाड़ी मेजर ध्यानचंद को याद किया।
‘खेल विकसित भारत के निर्माण का माध्यम’
प्रधानमंत्री ने कहा कि खेलों का महत्व केवल पदक जीतने तक सीमित नहीं है। खेल युवा शक्ति और खेल शक्ति को एक साथ जोड़कर विकसित भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
उन्होंने कहा कि किसी खिलाड़ी की सफलता सिर्फ उसकी व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं होती, बल्कि इससे उसके परिवार, स्कूल, कॉलेज, जिले और पूरे प्रदेश की पहचान भी मजबूत होती है। प्रधानमंत्री ने ओलंपिक में भारत की भागीदारी बढ़ाने पर जोर देते हुए कहा कि कई खेल ऐसे हैं, जिनमें देश की मौजूदगी अभी अपेक्षाकृत कम है।
5 से 15 वर्ष के बच्चों के लिए बड़े टैलेंट हंट पर जोर
2036 ओलंपिक की तैयारियों का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने 5 से 15 वर्ष की आयु के बच्चों की प्रतिभा पहचानने के लिए बड़े स्तर पर टैलेंट हंट अभियान चलाने की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि बच्चों की केवल रुचि ही नहीं, बल्कि उनकी क्षमता और उनके लिए उपयुक्त खेल को भी ध्यान में रखते हुए प्रशिक्षण दिया जाना चाहिए।
उन्होंने बताया कि सरकार आधुनिक स्पोर्ट्स इकोसिस्टम तैयार करने की दिशा में काम कर रही है। इसके तहत स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी और आधुनिक प्रशिक्षण केंद्रों समेत जरूरी सुविधाओं को विकसित किया जा रहा है।
फिटनेस से करियर तक, खेल में बढ़ रहे अवसर
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि खेल युवाओं को संघर्ष के बाद दोबारा खड़े होकर आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है। उन्होंने पैरा-एथलीट्स की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा कि उनकी सफलता परिवार और समाज के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बनती है।
उन्होंने युवाओं को बेहतर जीवन, फिटनेस और अच्छी जीवन गुणवत्ता के लिए खेलों को अपनाने की सलाह दी। साथ ही, नशे से दूर रखने में खेलों की भूमिका को भी महत्वपूर्ण बताया।
प्रधानमंत्री ने कहा कि आज खेल एक बेहतर करियर विकल्प के रूप में भी उभर रहा है। खेल उपकरण, स्पोर्ट्स टेक्नोलॉजी, स्पोर्ट्स मेडिसिन, न्यूट्रिशन, साइकोलॉजी और एनालिटिक्स जैसे क्षेत्रों में युवाओं के लिए रोजगार और नए अवसर पैदा हो रहे हैं। उन्होंने युवाओं से खेलों को जीवन का हिस्सा बनाने और अपने नए विचार एवं आइडिया सामने रखने का आह्वान किया।