सावन के पवित्र महीने में ओंकारेश्वर से उज्जैन स्थित महाकाल मंदिर तक कांवड़ यात्रा करने वाले लाखों श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए इंदौर जिला प्रशासन ने अहम फैसला लिया है। कलेक्टर शिवम वर्मा ने इंदौर-खंडवा मार्ग पर भारी मालवाहक वाहनों की आवाजाही पर अस्थायी प्रतिबंध लगाने के आदेश जारी किए हैं। यह व्यवस्था 28 अगस्त तक प्रभावी रहेगी, ताकि कांवड़ यात्रियों को सुरक्षित और निर्बाध यात्रा का वातावरण मिल सके।
सुबह 6 बजे से रात 12 बजे तक ट्रकों पर रोक
मोटर यान अधिनियम के तहत जारी आदेश के अनुसार, 28 अगस्त तक प्रतिदिन सुबह 6 बजे से रात 12 बजे तक इंदौर-खंडवा रोड पर भारी मालवाहक वाहनों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। प्रशासन का मानना है कि इस कदम से कांवड़ मार्ग पर ट्रैफिक का दबाव कम होगा और सड़क दुर्घटनाओं की संभावना भी घटेगी।
भारी वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्ग तय
प्रतिबंध के दौरान ट्रकों और अन्य भारी मालवाहक वाहनों को राऊ, मानपुर, बलकवाड़ा और देशगांव होते हुए वैकल्पिक मार्ग से भेजा जाएगा। वहीं कार, जीप, दोपहिया वाहन, यात्री बसें, दूध के वाहन, एलपीजी गैस टैंकर, पेयजल टैंकर, एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड जैसी आवश्यक सेवाओं को इस प्रतिबंध से छूट दी गई है, ताकि आमजन और आपातकालीन सेवाओं पर कोई असर न पड़े।
ओंकारेश्वर से महाकाल तक सेवा शिविर शुरू
कांवड़ यात्रियों की सुविधा के लिए प्रशासन और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने ओंकारेश्वर से उज्जैन महाकाल तक कई सेवा शिविर शुरू किए हैं। यहां श्रद्धालुओं को पेयजल, फलाहार, विश्राम, स्वास्थ्य परीक्षण, प्राथमिक उपचार और आवश्यकता पड़ने पर चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। प्रशासन का कहना है कि इस बार कांवड़ यात्रा के दौरान सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और स्वास्थ्य सुविधाओं पर विशेष फोकस रहेगा, ताकि श्रद्धालु बिना किसी परेशानी के अपनी धार्मिक यात्रा पूरी कर सकें।