हरियाणा सरकार प्रदेश में निवेश और औद्योगिक विकास को नई गति देने की तैयारी में है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में राज्य का उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल 1 से 8 अक्टूबर तक सिंगापुर का दौरा करेगा। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल सिंगापुर-इंडिया नेटवर्क फॉर ग्रोथ-2026 में हिस्सा लेने के साथ विदेशी निवेशकों से मुलाकात करेगा।
विदेशी निवेश पर फोकस
सरकार का लक्ष्य हरियाणा में विदेशी निवेश, नई तकनीक और औद्योगिक सहयोग के अवसर बढ़ाना है। सिंगापुर दौरे के दौरान निवेशकों के सामने प्रदेश में उपलब्ध औद्योगिक और कारोबारी संभावनाओं को रखा जाएगा। सरकार की औद्योगिक रणनीति में अलग-अलग क्षेत्रों के लिए नई नीतियों और निवेश के अनुकूल माहौल पर जोर दिया जा रहा है।
KMP के दोनों ओर बनेंगे 5 शहर
हरियाणा सरकार कुंडली-मानेसर-पलवल यानी KMP एक्सप्रेसवे के दोनों ओर पांच नए ग्रीनफील्ड शहर विकसित करने की योजना पर काम कर रही है। करीब 135 किलोमीटर लंबे KMP कॉरिडोर को भविष्य के शहरी और औद्योगिक विकास की अहम धुरी के तौर पर विकसित करने की योजना है।
सिंगापुर मॉडल का होगा अध्ययन
इन प्रस्तावित शहरों के विकास के लिए सिंगापुर की शहरी व्यवस्था और इंफ्रास्ट्रक्चर मॉडल का अध्ययन किया जाएगा। योजना में आधुनिक परिवहन, नागरिक सुविधाओं, औद्योगिक क्षेत्रों और सुनियोजित शहरी विकास पर ध्यान देने की बात सामने आई है। पांच शहरों की योजना को पंचग्राम विकास प्राधिकरण से भी जोड़ा गया है।
2030 तक 10 नई IMT का लक्ष्य
हरियाणा सरकार ने 2030 तक 10 नई इंडस्ट्रियल मॉडल टाउनशिप (IMT) विकसित करने का लक्ष्य रखा है। इनमें पांच को मंजूरी मिलने और तीन के KMP कॉरिडोर से जुड़े होने की जानकारी सामने आई है। सरकार औद्योगिक विकास के साथ रोजगार और बेहतर कनेक्टिविटी पर भी जोर दे रही है।
प्रतिनिधिमंडल में वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल
सिंगापुर जाने वाले प्रतिनिधिमंडल में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के साथ उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह और वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे। इस दौरे को हरियाणा के निवेश और शहरी विकास एजेंडे को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ाने की दिशा में अहम कदम के तौर पर देखा जा रहा है।
हालांकि, सिंगापुर दौरे से होने वाले निवेश समझौतों या परियोजनाओं का अंतिम स्वरूप दौरे और संबंधित बैठकों के बाद ही स्पष्ट होगा।