दिल्ली में हाई वोल्टेज ड्रामा, जंतर-मंतर खाली
दिल्ली के जंतर-मंतर पर 20 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक को शनिवार सुबह दिल्ली पुलिस ने अचानक सफदरजंग अस्पताल में भर्ती करा दिया। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद जंतर-मंतर पर मौजूद प्रदर्शनकारियों को भी हटाया गया और पूरे इलाके को पुलिस व अर्धसैनिक बलों की सुरक्षा में खाली कराया गया। हाईकोर्ट के निर्देश और बिगड़ती सेहत का हवाला देते हुए पुलिस ने कहा कि वांगचुक को जरूरी इलाज के लिए अस्पताल ले जाना आवश्यक था।

20 दिन से अनशन, अब अस्पताल में इलाज
सोनम वांगचुक 28 जून से NEET पेपर लीक, परीक्षा प्रणाली में सुधार और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर आमरण अनशन पर बैठे थे। लगातार गिरती सेहत के बीच उन्हें सफदरजंग अस्पताल की इमरजेंसी में भर्ती किया गया, जहां डॉक्टरों की टीम उनकी निगरानी कर रही है।अस्पताल के अनुसार, वांगचुक पूरी तरह होश में हैं और उनकी हालत फिलहाल स्थिर है। हालांकि उनका ब्लड प्रेशर और ब्लड शुगर सामान्य से कम पाया गया है। ECG रिपोर्ट सामान्य आई है, लेकिन डॉक्टर लगातार स्वास्थ्य पर नजर बनाए हुए हैं।
पत्नी की अपील- बिना अनुमति कोई इलाज नहीं
सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि अंग्मो ने अस्पताल पहुंचकर कहा कि परिवार और पिछले 20 दिनों से इलाज कर रहे डॉक्टरों की सहमति के बिना उन्हें न तो कोई दवा दी जाए और न ही IV फ्लूइड या अन्य मेडिकल प्रक्रिया की जाए।
विपक्ष ने सरकार पर बोला हमला
पुलिस कार्रवाई के बाद विपक्ष ने सरकार को घेरना शुरू कर दिया। डिंपल यादव ने इसे लोकतंत्र और संविधान पर हमला बताया, जबकि आदित्य ठाकरे ने कहा कि देश में शांतिपूर्ण विरोध को भी दबाया जा रहा है। अस्पताल ले जाए जाने से ठीक पहले जारी वीडियो संदेश में वांगचुक ने बताया था कि 20 दिनों की भूख हड़ताल में उनका करीब 20 फीसदी वजन कम हो चुका है। इसके बावजूद उन्होंने 20 जुलाई को प्रस्तावित 'चलो संसद' मार्च में देशभर के लोगों से बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील की थी।
दिल्ली पुलिस ने क्या कहा?
दिल्ली पुलिस का कहना है कि यह कार्रवाई दिल्ली हाईकोर्ट के आदेश और मेडिकल विशेषज्ञों की सलाह के आधार पर की गई। पुलिस के मुताबिक, बिगड़ती सेहत को देखते हुए वांगचुक को तत्काल अस्पताल पहुंचाना जरूरी था, जबकि जंतर-मंतर पर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रदर्शन स्थल भी खाली कराया गया।