झारखंड में भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर छात्रों के आंदोलन का आज 16वां दिन था। इस बीच सरकार और छात्रों के बीच छठे दौर की बातचीत हुई। जिसमें सरकार ने छात्रों की लगभग 50% मांगें मान लीं।
आंदोलन रहेगा जारी
छात्रों के अनुसार, JPSC-PT परीक्षा रद्द करने पर सरकार ने सहमति जता दी है। हालांकि, JSSC-CGL परीक्षा रद्द करने को लेकर सहमति नहीं बन सकी। मामले की जांच रिटायर्ड जज की अध्यक्षता में होगी। इधर, छात्रों ने आंदोलन जारी रखने का ऐलान किया। सोमवार को शांतिपूर्ण तरीके से विधानसभा घेराव की तैयारी है, जिसके मद्देनजर राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।

आयोग के 3 सदस्यों ने दिया इस्तीफा
इसी बीच, JPSC में बड़ा प्रशासनिक बदलाव भी हुआ है। आयोग के 3 सदस्यों-अजीता भट्टाचार्य, जमील अहमद और अनिमा हांसदा ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। तीनों सदस्यों ने अपना इस्तीफा राज्यपाल को भेज दिया है। वहीं बैठक के दौरान अनशन पर बैठे देवेंद्र नाथ महतो से मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू, दीपिका सिंह पांडेय, चमरा लिंडा और संजय सिंह यादव ने वीडियो कॉल पर बात की। मंत्रियों ने देवेंद्र से कहा कि उनकी मांगें पूरी कर दी जाएंगी और वे भूख हड़ताल खत्म कर दें। वहीं, देवेंद्र ने सभी मंत्रियों को धन्यवाद देते हुए कहा कि जब तक मांगें लिखित रूप में पूरी नहीं होतीं, तब तक हड़ताल जारी रहेगी।
क्या बोले CM?
इधर, आदिवासी दिवस कार्यक्रम में पहुंचे मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि जिस मुद्दे को लेकर हमारे नौजवान अपने अधिकार के लिए आंदोलन कर रहे हैं, वे सरकार की गतिविधियों की वजह से ही हिम्मत जुटा पाए हैं। उन्होंने कहा, “छात्र आंदोलन करें और अपने हक-अधिकार मांगें, क्योंकि हमने चोरी पकड़ ली। नौजवानों को न्याय भी मिलेगा और जिन्होंने गड़बड़ी की है, उन्हें कठोर दंड भी दिया जाएगा।”