मध्य प्रदेश के रतलाम में 40 लाख रुपये की सनसनीखेज लूट का मामला पुलिस ने महज तीन दिन में सुलझा लिया है। जांच में सामने आया कि जिस कर्मचारी ने कारोबारी के यहां लूट की कहानी सुनाई थी, वही पूरी वारदात का मास्टरमाइंड निकला। आरोपी ने अपने छोटे भाई और एक दोस्त के साथ मिलकर पूरी साजिश रची थी। पुलिस ने आरोपियों के ठिकानों से लूटी गई पूरी 40 लाख रुपये की नकदी बरामद कर ली है।

पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया
एसपी अमित कुमार ने बताया कि शुरुआती जांच में ही घटना संदिग्ध लग रही थी। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया, सीसीटीवी फुटेज खंगाले और संबंधित लोगों से पूछताछ की। इस दौरान कर्मचारी **फरदीन खान** की गतिविधियां संदिग्ध मिलीं। हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की गई तो उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
पुलिस गिरफ्त में आरोपी फरदीन
यह रकम पहुंचने का संकेत था
पुलिस के मुताबिक, फरदीन करीब पांच-छह महीने पहले ही कलेक्शन एजेंट के यहां नौकरी पर लगा था और उसे पता था कि वहां बड़ी मात्रा में नकदी रखी जाती है। घटना वाले दिन जैसे ही 40 लाख रुपये ऑफिस पहुंचे, उसने अपने भाई फैज को WhatsApp पर "OK" का कोड मैसेज भेज दिया। यह रकम पहुंचने का संकेत था।
ताकि किसी को शक न हो
पूर्व योजना के अनुसार, फैज और उसका साथी असबाब, जो पहले ब्लिंकिट में काम कर चुका था, ब्लिंकिट की ड्रेस पहनकर स्कूटी से मौके पर पहुंचे। फरदीन ने नकदी से भरा बैग उन्हें सौंप दिया और बाद में लूट की झूठी कहानी गढ़ दी। पुलिस से बचने के लिए ब्लिंकिट की यूनिफॉर्म का इस्तेमाल किया गया, ताकि किसी को शक न हो।
फरदीन की निशानदेही पर उसके घर और असबाब के घर के स्टोर रूम से पूरी 40 लाख रुपये की नकदी बरामद कर ली गई। फरदीन को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि उसका भाई फैज और साथी असबाब अभी फरार हैं। पुलिस दोनों की तलाश में जुटी है। वहीं, मामले में हवाला कनेक्शन की भी जांच की जा रही है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।