Socks in temple worship: भगवान के मंदिर में मोजे पहनकर पूजा क्यों नहीं करना चाहि...

why-not-wear-socks-in-temple

Socks in temple worship: भगवान के मंदिर में मोजे पहनकर पूजा क्यों नहीं करना चाहिए? जानिए अध्यात्मिक कारण

socks in temple worship भगवान के मंदिर में मोजे पहनकर पूजा क्यों नहीं करना चाहिए जानिए अध्यात्मिक कारण

मोजे और जूते पादुका की श्रेणी में आते हैं

Socks in temple worship: धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मोजे और जूते दोनों को ‘पादुका’ यानी पैरों में पहनने योग्य वस्तु माना जाता है। इन्हें पहनकर मंदिर में प्रवेश करना उसी तरह है जैसे किसी पवित्र स्थान में चप्पल पहनकर जाना। पूजा-पाठ के समय शारीरिक और मानसिक शुद्धता बनाए रखना आवश्यक होता है, इसलिए मोजे पहनना अनुचित माना गया है।

शुद्धता के लिए नंगे पांव रहना ज़रूरी

मंदिर में प्रवेश करने से पहले जूते–मोजे उतारने और पैरों को धोने की परंपरा सदियों पुरानी है। संत प्रेमानंद महाराज के अनुसार, मोजे अक्सर गंदगी, पसीने और नकारात्मक ऊर्जा से भर जाते हैं। ऐसे मोजे पहनकर भगवान के सामने खड़े होना असम्मानजनक होता है और पूजा की पवित्रता भंग होती है।

read more: जगन्नाथ मंदिर से जुड़ी 8 अद्भुत रहस्य!

 मोजे पहनकर आने से अशुद्धता का खतरा

मोजे पहनकर लोग दिनभर विभिन्न स्थानों पर घूमते हैं, जिनमें शौचालय और अन्य अशुद्ध स्थान भी शामिल हो सकते हैं। इससे मोजे गंदे हो जाते हैं और वे नकारात्मक ऊर्जा को मंदिर के अंदर ले जा सकते हैं। यही कारण है कि पूजा स्थलों पर इन्हें पहनना वर्जित माना गया है।

नंगे पांव से धरती से जुड़ाव बढ़ता है

कई आध्यात्मिक गुरुओं का मानना है कि नंगे पांव रहने से इंसान धरती से सीधे जुड़ता है, जिससे एक विशेष प्रकार की ऊर्जा और शांति प्राप्त होती है। यह जुड़ाव पूजा में एकाग्रता और भक्ति को बढ़ाता है। मोजे पहनने से यह अनुभूति बाधित होती है।

आध्यात्मिकता और भक्ति में आती है गहराई

Socks in temple worship: नंगे पांव रहकर मंदिर में जाने से भक्त का मन ज्यादा शांत, एकाग्र और पवित्र बना रहता है। यह स्थिति भक्ति के लिए आदर्श मानी गई है। मोजे जैसी बाधाएं इस भावनात्मक और आध्यात्मिक प्रक्रिया को प्रभावित कर सकती हैं, जिससे पूजा का प्रभाव कम हो सकता है।

read more: पुरी रथ यात्रा: 625 श्रद्धालु बीमार, रथ 750 मीटर भी नहीं बढ़े, 10 लाख की भीड़ से अव्यवस्था

 

संबंधित सामग्री

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का अधिकारियों को सख्त निर्देश, कहा- नहीं चलेगी निर्माण गुणवत्ता में जरा भी लापरवाही…

छत्तीसगढ़

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का अधिकारियों को सख्त निर्देश, कहा- नहीं चलेगी निर्माण गुणवत्ता में जरा भी लापरवाही…

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने निर्माण कार्यों में गुणवत्ता की कमी पर सख्त निर्देश दिए, जिसमें जनहित के कार्यों में लापरवाही को अस्वीकार्य बताया गया है।

झारखंड में जनगणना-2027 की हुई शुरुआत; राज्यपाल और CM ने दी मिसाल, स्व-गणना प्रक्रिया का शुभारंभ

झारखंड

झारखंड में जनगणना-2027 की हुई शुरुआत; राज्यपाल और CM ने दी मिसाल, स्व-गणना प्रक्रिया का शुभारंभ

झारखंड में जनगणना 2027 के प्रथम चरण की शुरुआत हुई। राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने आंकड़े दर्ज कर स्व-गणना की शुरुआत की, नागरिकों से सहयोग की अपेक्षा।

छत्तीसगढ़ में वाटर स्पोर्ट्स की सुरक्षा समीक्षा के निर्देश,CM साय ने दिए निर्देश

छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ में वाटर स्पोर्ट्स की सुरक्षा समीक्षा के निर्देश,CM साय ने दिए निर्देश

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने क्रूज हादसे के बाद सभी वाटर स्पोर्ट्स गतिविधियों की सुरक्षा समीक्षा और सुदृढ़ता से पालन के निर्देश दिए हैं।

छत्तीसगढ़ में IED ब्लास्ट में 4 जवान शहीद: पूर्व CM भूपेश बघेल ने सरकार पर उठाए सवाल

छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ में IED ब्लास्ट में 4 जवान शहीद: पूर्व CM भूपेश बघेल ने सरकार पर उठाए सवाल

छत्तीसगढ़ के कांकेर-नारायणपुर बॉर्डर पर IED ब्लास्ट में 4 जवान शहीद हुए। नक्सलियों द्वारा बिछाई गई IED को डिप्यूज करते समय धमाका हुआ।

Women

देश-विदेश

Women's T20 world cup के लिए टीम इंडिया का ऐलान, हरमनप्रीत कप्तान, मंधाना-शैफाली ओपनर

इंग्लैंड और वेल्स क्रिकेट बोर्ड 2026 ICC वूमेंस T20 वर्ल्डकप की मेजबानी करेगा, भारतीय टीम में हरमनप्रीत कौर को कप्तान बनाया गया।