आपदा प्रभावित चंबा पहुंचे हिमाचल CM सुक्खू, बारिश से हुए नुकसान का लिया जायजा; राहत कार्यों में तेजी के दिए निर्देश
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने रविवार को चंबा जिले के आपदा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर भारी बारिश और भूस्खलन से हुए नुकसान का विस्तृत जायजा लिया। मुख्यमंत्री ने प्रभावित इलाकों का स्थलीय निरीक्षण किया, स्थानीय लोगों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं और राहत एवं पुनर्वास कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रभावित क्षेत्रों में आवश्यक सुविधाओं की बहाली और क्षतिग्रस्त बुनियादी ढांचे की मरम्मत प्राथमिकता के आधार पर सुनिश्चित की जाए।
मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर प्रभावित क्षेत्रों में प्रशासन पूरी तरह सक्रिय नजर आया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि राज्य सरकार आपदा प्रभावित परिवारों के साथ मजबूती से खड़ी है और उन्हें हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
शीतला पुल और राणा मोहल्ला क्षेत्र का किया निरीक्षण
मुख्यमंत्री सुक्खू सबसे पहले शीतला पुल और सुल्तानपुर के राणा मोहल्ला क्षेत्र पहुंचे, जहां मानसून के दौरान भारी बारिश और भूस्खलन से व्यापक नुकसान हुआ है। उन्होंने प्रभावित परिवारों से बातचीत कर उनकी समस्याओं की जानकारी ली और राहत कार्यों की स्थिति का आकलन किया।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि बिजली, पेयजल और अन्य आवश्यक सेवाओं की जल्द से जल्द बहाली सुनिश्चित की जाए। साथ ही क्षतिग्रस्त सड़कों, पुलों और अन्य सार्वजनिक ढांचों की मरम्मत में किसी प्रकार की देरी न हो।
'सरकार हर प्रभावित परिवार के साथ खड़ी है'
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले वर्ष के मानसून के दौरान भी चंबा जिले को भारी नुकसान उठाना पड़ा था और इस बार भी प्राकृतिक आपदा ने कई क्षेत्रों को प्रभावित किया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार राहत एवं पुनर्वास कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है।
उन्होंने भरोसा दिलाया कि प्रभावित परिवारों को राहत और आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं। इसके साथ ही क्षतिग्रस्त सड़कों और अन्य बुनियादी ढांचे की बहाली का कार्य तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है, ताकि लोगों का जनजीवन जल्द सामान्य हो सके।
निर्माणाधीन हेलीपोर्ट का भी किया निरीक्षण
आपदा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करने के बाद मुख्यमंत्री ने सुल्तानपुर में निर्माणाधीन हेलीपोर्ट का भी निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि लगभग 12 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से इस परियोजना का निर्माण किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री के अनुसार, हेलीपोर्ट बनने से चंबा जिले की हवाई कनेक्टिविटी मजबूत होगी और पर्यटन क्षेत्र को नई गति मिलेगी। साथ ही आपदा या आपातकालीन परिस्थितियों में राहत एवं बचाव कार्यों को भी अधिक प्रभावी ढंग से संचालित किया जा सकेगा।
साल के अंत तक शुरू हो सकती है हेलीकॉप्टर सेवा
मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि राज्य सरकार इस वर्ष के अंत तक अथवा अगले वर्ष की शुरुआत में चंबा के लिए हेलीकॉप्टर सेवा शुरू करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि यह सेवा शुरू होने के बाद जिले की कनेक्टिविटी में उल्लेखनीय सुधार होगा, पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और विकास परियोजनाओं को भी नई रफ्तार मिलेगी।
उन्होंने दोहराया कि सरकार का लक्ष्य केवल आपदा से हुए नुकसान की भरपाई करना नहीं, बल्कि चंबा जैसे पर्वतीय क्षेत्रों के समग्र विकास को भी गति देना है।