धर्मेंद्र प्रधान ने NEET पेपर लीक मामले में इस्तीफ

शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने NEET पेपर लीक के कारण इस्तीफा दिया

धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा

जंतर-मंतर पर चल रहे प्रदर्शन के बीच शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दे दिया है। NEET पेपर लीक के लिए उन्हें दोषी बताकर जंतर-मंतर पर 36 दिन से धरना प्रदर्शन किया जा रहा था। आंदोलनकारियों का कहना था कि शिक्षा मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान के इस्तीफे से कम में वह नहीं मानेंगे। शिक्षा मंत्री ने खुद अपने पोस्ट में लेटर जारी करके अपने इस्तीफे की जानकारी दी।

शिक्षा मंत्रालय के 2 सचिवों को बदला

NEET पेपर लीक मामले में नेशनल टेस्टिंग एजेंसी ने 47 अधिकारियों को बर्खास्त किए गए थे। बर्खास्त अधिकारियों के खिलाफ क्रिमिनल केस दर्ज करने की बात भी कही गई। अधिकारियों के अनुसार NTA में सुधार के लिए जल्द ही और एक्शन होंगे। एक दिन पहले सरकार ने शिक्षा मंत्रालय के 2 सचिवों को बदला था। अधिकारियों के मुताबिक, आउटसोर्सिंग व्यवस्था में बदलाव किया जाएगा और संस्था में तकनीकी सुधार लागू किए जाएंगे ताकि परीक्षाओं को पूरी तरह सुरक्षित किया जा सके। इसके अलावा ऐसा टेस्टिंग सिस्टम तैयार किया जा सके, जिसमें पेपर लीक की संभावना हो ही ना। NTA 4 वरिष्ठ जनरल मैनेजर और UPSC के प्रतिभा सेतु पोर्टल के जरिए 16 यंग प्रोफेशनल्स नियुक्त किया जाएगा। 

1 महीने से चल रहा प्रदर्शन

3 मई 2026 को हुई NEET-UG 2026 का पेपर लीक हुआ। सरकार और NTA ने NEET-UG 2026 परीक्षा रद्द की और दोबारा परीक्षा कराई। इस दौरान कई छात्रों ने सुसाइड किया। पेपर लीक को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर 1 महीने से कॉकरोच जनता पार्टी प्रदर्शन कर रही है। सोनम वांगचुक ने 26 दिन तक अनशन किया और संसद में भी हुआ हैं। फिलहाल मामले की जांच CBI कर रही है। इसमें महाराष्ट्र, राजस्थान, दिल्ली समेत कई राज्यों में जांच हुई। अबतक 13 आरोपी पकड़े गए हैं। CBI जल्द ही इस चार्जशीट फाइल कर सकती है।