पंजाब की राजनीति में एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है, जहां भगवंत मान के चचेरे भाई ज्ञान सिंह मान ने आम आदमी पार्टी को छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का दामन थाम लिया है। उनके साथ बरनाला के कारोबारी और एनआरआई बलजिंदर सिंह, तथा मनजिंदर सिंह साजन खेड़ा भी भाजपा में शामिल हुए। इस घटनाक्रम को आम आदमी पार्टी के लिए एक बड़े राजनीतिक झटके के रूप में देखा जा रहा है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के साथ संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में इन नेताओं का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि ये सभी नेता बदलाव की उम्मीद लेकर आम आदमी पार्टी में गए थे, लेकिन वहां उनके सपने टूट गए, जिसके बाद उन्होंने भाजपा को चुना। जाखड़ ने दावा किया कि भाजपा में शामिल होने वाले नेताओं की संख्या आने वाले समय में और बढ़ सकती है।
इस दौरान जाखड़ ने पंजाब के कई शहरों—अमृतसर, बटाला, तरनतारन और लुधियाना—में भाजपा कार्यालयों और कार्यकर्ताओं पर हुए हमलों की कड़ी निंदा की। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि इन घटनाओं के लिए जिम्मेदार लोगों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा और सभी को जवाबदेह ठहराया जाएगा। उन्होंने पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को भी आगाह किया कि वे निष्पक्ष होकर कानून के अनुसार काम करें, न कि किसी राजनीतिक दबाव में।
जाखड़ ने अरविंद केजरीवाल और भगवंत मान पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा कार्यालयों पर हमले केंद्रीय एजेंसियों की कार्रवाई को नहीं रोक सकते। उन्होंने स्पष्ट किया कि जहां भी भ्रष्टाचार हुआ है, वहां जांच जारी रहेगी और दोषियों को सजा मिलेगी।
भाजपा ने यह भी संकेत दिया कि वह आगामी स्थानीय निकाय चुनावों के लिए पूरी तरह तैयार है और पंजाब की जनता भी बदलाव के मूड में है।