मध्यप्रदेश में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा के शुभारंभ कार्यक्रम में प्रदेश के स्कूल शिक्षा एवं परिवहन मंत्री श्री उदय प्रताप सिंह ने कहा कि 21 साल बाद राज्य में फिर से राज्य परिवहन सेवा की शुरुआत हो रही है। उन्होंने इसे प्रदेशवासियों की लंबे समय से चली आ रही मांग के पूरा होने का अवसर बताया। मंत्री ने कहा कि आज का दिन मध्यप्रदेश के इतिहास में ऐतिहासिक है।
351 इंटरसिटी और इंट्रासिटी बसों की सौगात
मंत्री उदय प्रताप सिंह ने बताया कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी की जयंती के अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री श्री नितिन गडकरी के कर कमलों से प्रदेश को 351 इंटरसिटी एवं इंट्रासिटी बसों की सौगात मिली है। इन बस सेवाओं के माध्यम से प्रदेश में यात्री परिवहन को बेहतर बनाने की दिशा में काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा और पीएम ई-बस सेवा के जरिए प्रदेशवासियों का सपना पूरा हो रहा है।
सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को आधुनिक बनाने पर जोर
मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा से प्रदेश की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था अधिक सुगम, सुरक्षित और आधुनिक बनेगी। इस सेवा का उद्देश्य प्रदेशवासियों को बेहतर यात्री परिवहन सुविधा उपलब्ध कराना है। उन्होंने इसे मध्यप्रदेश के परिवहन क्षेत्र में महत्वपूर्ण कदम बताते हुए कहा कि यह सेवा प्रदेश के इतिहास में मील का पत्थर साबित होगी।
बस मालिकों के हितों का भी रखा गया ध्यान
उदय प्रताप सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की शुरुआत में बस मालिकों के हितों का भी ध्यान रखा गया है। सरकार की ओर से परिवहन व्यवस्था को आगे बढ़ाते समय संबंधित हितधारकों के हितों को शामिल करने की बात कही गई। मंत्री ने दोहराया कि यह सेवा प्रदेशवासियों को बेहतर यात्री सुविधा देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।