मध्यप्रदेश में अनंत चतुर्दशी के अवसर पर गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन का सिलसिला जारी है। खंडवा जिले के ग्राम नाहल्दा में गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान दो सगे भाई तालाब में डूब गए। घटना की जानकारी मिलते ही प्रशासन ने दोनों की तलाश के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया। स्थानीय प्रशासन और बचाव दल की मदद से डूबे हुए दोनों भाइयों की तलाश की जा रही है। घटना के बाद क्षेत्र में चिंता का माहौल है।
सीहोर में 16 वर्षीय अतुल अहिरवार की डूबने से मौत
सीहोर जिले के सीलखेड़ा में गणेश विसर्जन के दौरान 16 वर्षीय अतुल अहिरवार गहरे पानी में डूब गया। जानकारी के अनुसार, करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद उसे पानी से बाहर निकाला गया। इसके बाद अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हादसे के बाद परिवार और स्थानीय लोगों में शोक का माहौल है। प्रशासन की ओर से विसर्जन के दौरान सावधानी बरतने की अपील की जा रही है।
प्रदेशभर में सुरक्षा व्यवस्था, गोताखोर और SDRF की तैनाती
गणेश विसर्जन, झांकियों और चल समारोह को लेकर मध्यप्रदेश के अलग-अलग शहरों में सुरक्षा के इंतजाम किए गए हैं। प्रमुख विसर्जन स्थलों पर पुलिस के साथ गोताखोर, फायर ब्रिगेड, होमगार्ड और SDRF की टीमें तैनात हैं। कई स्थानों पर CCTV कैमरों और ड्रोन के जरिए निगरानी की जा रही है। प्रशासन का उद्देश्य विसर्जन के दौरान भीड़ प्रबंधन और आपात स्थिति में तत्काल सहायता उपलब्ध कराना है।
भोपाल के 6 घाटों पर व्यवस्था, उज्जैन और जबलपुर में विसर्जन
भोपाल में 6 घाटों पर गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन की व्यवस्था की गई है। यहां कृत्रिम कुंड और क्रेन भी लगाए गए हैं। ग्वालियर में सागरताल और जबलपुर में कृत्रिम कुंडों में प्रतिमाओं का विसर्जन कराया जा रहा है। उज्जैन में रामघाट और सुनहरी घाट पर विसर्जन की व्यवस्था की गई है। प्रमुख स्थलों पर श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर प्रशासनिक टीमें तैनात हैं।
इंदौर में 9 किलोमीटर से ज्यादा लंबे रूट पर झांकियां
इंदौर में 103 साल पुरानी परंपरा के तहत शाम 6 बजे से झांकियों का चल समारोह निकलेगा। 9 किलोमीटर से ज्यादा लंबे रूट पर निकलने वाली झांकियों में पौराणिक कथाओं के साथ नशामुक्ति, नारी शक्ति और सामाजिक संदेशों को भी शामिल किया जाएगा। समारोह को लेकर शहर में सुरक्षा और यातायात व्यवस्था की तैयारियां की गई हैं।
कई शहरों में ट्रैफिक डायवर्जन, भारी वाहनों पर रोक
गणेश विसर्जन और झांकियों के चलते प्रदेश के कई शहरों में यातायात व्यवस्था में बदलाव किया गया है। इंदौर में भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक रहेगी। उज्जैन में शाम 6 बजे से ट्रैफिक डायवर्जन लागू होगा। भोपाल में भी प्रमुख मार्गों पर यातायात व्यवस्था बदली गई है। श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे निर्धारित मार्गों और विसर्जन स्थलों का उपयोग करें तथा सुरक्षा निर्देशों का पालन करें।