भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने अपनी नई राष्ट्रीय कार्यकारिणी का ऐलान कर दिया है। लंबे इंतजार के बाद घोषित हुई इस टीम में अनुभव और नए चेहरों के बीच संतुलन बनाने की कोशिश साफ दिखाई दे रही है। नई टीम में कई बड़े नेताओं को राष्ट्रीय स्तर पर अहम जिम्मेदारियां दी गई हैं। वहीं, मध्य प्रदेश के नेताओं का भी संगठन में खास दबदबा देखने को मिला है।
MP के पांच नेताओं को बड़ी जिम्मेदारी
नितिन नवीन की नई टीम में मध्य प्रदेश से कई दिग्गज नेताओं को महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। लाल सिंह आर्य को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है, जबकि गजेंद्र पटेल को राष्ट्रीय महामंत्री की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं, विष्णु दत्त शर्मा यानी वीडी शर्मा को समन्वयक की भूमिका सौंपी गई है। किसान वर्ग के बीच पार्टी की पकड़ मजबूत करने के लिहाज से बंशीलाल गुर्जर को भाजपा किसान मोर्चा का राष्ट्रीय अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। इसके अलावा कविता पाटीदार को राष्ट्रीय मंत्री बनाया गया है। आशीष अग्रवाल को पार्टी की मीडिया टीम में जगह दी गई है।
स्मृति ईरानी और बिप्लब देब को भी अहम जिम्मेदारी
राष्ट्रीय टीम में कई चर्चित चेहरों को बड़ी जिम्मेदारी दी गई है। स्मृति ईरानी और हरीश द्विवेदी समेत सात राज्यों से आठ नेताओं को राष्ट्रीय महामंत्री बनाया गया है। त्रिपुरा के पूर्व मुख्यमंत्री बिप्लब देब को भी राष्ट्रीय महामंत्री की जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं, वसुंधरा राजे सिंधिया और राम माधव समेत कुल 13 नेताओं को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है। इससे पार्टी ने अलग-अलग राज्यों और राजनीतिक अनुभव वाले नेताओं को संगठन में महत्वपूर्ण भूमिका देने का संकेत दिया है।
महिलाओं और विभिन्न वर्गों को प्रतिनिधित्व
नई राष्ट्रीय टीम में महिला प्रतिनिधित्व पर भी खास जोर दिखाई देता है। 13 राष्ट्रीय उपाध्यक्षों में छह महिलाएं हैं। इसके अलावा स्मृति ईरानी को राष्ट्रीय महामंत्री और चार महिलाओं को राष्ट्रीय मंत्री की जिम्मेदारी दी गई है। पार्टी ने सामाजिक और क्षेत्रीय संतुलन को ध्यान में रखते हुए विभिन्न वर्गों को भी संगठन में प्रतिनिधित्व दिया है। नई टीम में दो मुस्लिम नेताओं को भी शामिल किया गया है।
2027 के चुनावों पर नजर
भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम का गठन ऐसे समय हुआ है, जब कई राज्यों में आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारियां तेज हो रही हैं। खासतौर पर उत्तर प्रदेश समेत महत्वपूर्ण राज्यों को ध्यान में रखते हुए संगठन में अनुभवी नेताओं और क्षेत्रीय चेहरों को जिम्मेदारी दी गई है। मध्य प्रदेश से बड़ी संख्या में नेताओं को राष्ट्रीय संगठन में जगह मिलने को भी राज्य में भाजपा के मजबूत संगठनात्मक प्रभाव के तौर पर देखा जा रहा है। नई टीम अब पार्टी के संगठन विस्तार, चुनावी रणनीति और आगामी राजनीतिक चुनौतियों के लिए काम करेगी।