राजधानी भोपाल में लोक निर्माण विभाग (PWD) की कार्यप्रणाली को लेकर एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं। भेल नगर कॉलोनी के वार्ड-64 में बनाई जा रही 80 फीट चौड़ी सीमेंट-कांक्रीट सड़क के बीचों-बीच एक बड़ा आम का पेड़ खड़ा छोड़ दिया गया है। पेड़ को हटाने या सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट करने के बजाय उसके दोनों तरफ सड़क बना दी गई, जिससे वाहन चालकों के लिए दुर्घटना का खतरा बढ़ गया है।
चेतावनी संकेत नहीं लगाए गए
स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क निर्माण के दौरान ही अधिकारियों को इस पेड़ की जानकारी दी गई थी, लेकिन इसके बावजूद काम जारी रखा गया। अब स्थिति यह है कि सड़क के बीच अचानक आने वाले पेड़ से वाहन चालकों को रास्ता बदलना पड़ता है। खासकर रात के समय यह खतरा और बढ़ जाता है, क्योंकि मौके पर पर्याप्त स्ट्रीट लाइट, रिफ्लेक्टर या चेतावनी संकेत नहीं लगाए गए हैं।
रहवासियों ने बताया कि अनजान वाहन चालक तेज रफ्तार में आते हैं और सड़क के बीच खड़े पेड़ को देखकर अचानक दिशा बदलने को मजबूर हो सकते हैं। इससे दोपहिया और चारपहिया वाहनों के दुर्घटनाग्रस्त होने की आशंका बनी हुई है।
पेड़ हटाए बिना सड़क
भेल नगर के रहवासियों ने तेज सिंह ठाकुर के नेतृत्व में पीडब्ल्यूडी इंजीनियरों, सड़क निर्माण एजेंसी के ठेकेदार, क्षेत्रीय पार्षद और नगर निगम आयुक्त को शिकायत देकर समस्या के समाधान की मांग की है। लोगों का कहना है कि उनकी मांग पेड़ काटने की नहीं है, बल्कि पर्यावरण और सुरक्षा दोनों को ध्यान में रखते हुए पेड़ को तकनीकी प्रक्रिया के तहत दूसरी जगह स्थानांतरित किया जाए।
किसी बड़े हादसे को रोका जा सके
मकान नंबर 43/ए के सामने सड़क के बीच खड़े इस पेड़ को लेकर स्थानीय लोगों ने जिम्मेदार विभागों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि जब निर्माण से पहले ही खतरे की जानकारी दे दी गई थी, तो फिर पेड़ हटाए बिना सड़क क्यों बनाई गई।
रहवासियों ने मांग की है कि जल्द से जल्द इस समस्या का समाधान किया जाए, ताकि पेड़ भी सुरक्षित रहे और भविष्य में किसी बड़े हादसे को रोका जा सके।