घटना का विवरण
15 मार्च को मऊगंज जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र स्थित गड़रा गांव में एक हिंसक घटना घटित हुई। आदिवासी समुदाय के लोगों ने शनि द्विवेदी नामक युवक को बंधक बना कर उसकी पिटाई की, जिससे उसकी मौत हो गई। जब पुलिस को इसकी जानकारी मिली, तो प्रशासनिक टीम और पुलिस बल मौके पर पहुंचे। इसी दौरान आदिवासी लोगों ने पुलिसकर्मियों और तहसीलदार पर हमला कर दिया। इस घटना में एएसआई रामचरण गौतम की जान चली गई, जबकि तहसीलदार कुवारे लाल पनिका और अन्य पांच पुलिसकर्मी घायल हो गए।
कार्रवाई और गिरफ्तारी
घटना के बाद पुलिस ने 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया, जबकि बाकी आरोपियों की तलाश जारी है। रीवा रेंज के आईजी साकेत प्रकाश पांडेय और संभागायुक्त बी एस जामोद भी मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया।
अंतिम संस्कार और शहीद को राजकीय सम्मान
एएसआई स्व. रामचरण गौतम का पार्थिव शरीर रविवार को उनके गृह ग्राम सतना जिले के कोठी थाना क्षेत्र स्थित पवैया गांव पहुंचा। यहां, राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। इस अवसर पर राज्यमंत्री प्रतिमा बागरी, सतना कलेक्टर सतीश कुमार एस, सतना पुलिस अधीक्षक आशुतोष गुप्ता और जिले के आला अधिकारी समेत पूरे गांव ने शहीद को नम आंखों से अंतिम विदाई दी।
Mauganj update: मुख्यमंत्री की घोषणा और सरकारी सहायता राशि से शहीद की परिवार को कुछ राहत मिलेगी, जबकि प्रशासन ने अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की बात कही है।
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