बच्चों के बयान और सीसीटीवी ने खोली सच्चाई
पुलिस को यह मामला तब पता चला जब कुछ बच्चों ने संकोच तोड़ते हुए अपनी पीड़ा साझा की। इसके बाद स्कूल के सीसीटीवी कैमरों की जांच की गई और फुटेज ने आरोपों की सच्चाई को उजागर कर दिया। 1. प्रिंसिपल को बच्चों के बेड तक जाते और उनके साथ अश्लील हरकतें करते हुए देखा गया। 2. मकान मालिक और शिक्षक हीरेन भी रात को बच्चों को कमरे में बुलाकर कपड़े उतरवाने और गंदे इशारे करने की हरकतों में लिप्त था। डीवाईएसपी हितेश धांधलिया के अनुसार, पुलिस ने रिमांड के दौरान दोनों आरोपियों से गहन पूछताछ की और स्कूल की DVR जब्त करके डिजिटल साक्ष्य जुटाए।
रात में बच्चों को बुलाकर की जाती थी गंदी हरकतें...
दिव्य भास्कर की टीम ने कुछ छात्रों से बात की तो जो सामने आया वह और भी चौंकाने वाला था। छात्रों ने बताया कि: 1. कई दिनों से प्रिंसिपल और शिक्षक उन्हें आधी रात के बाद कमरे में बुलाते थे। 2. वहां उनसे कपड़े उतारने को कहा जाता और कई बार शारीरिक शोषण भी होता था। 3. एक छात्र के मुताबिक, ऐसे कम से कम 20 से 25 बच्चे इस शोषण का शिकार हो चुके हैं।संस्था ने खुद दर्ज कराया मामला, अभिभावक डर से चुप...
दिलचस्प बात यह है कि किसी अभिभावक ने शिकायत दर्ज नहीं करवाई। भेसन थाने के PI आरबी गढ़वी के अनुसार, अभिभावकों को डर है कि रिपोर्ट दर्ज कराने से बच्चों का भविष्य खतरे में पड़ सकता है। हालांकि, संस्था के ट्रस्टी ललितभाई पोपटभाई सावलिया ने इस मामले को गंभीरता से लिया और खुद ही पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई।प्रशासन और समाज में उबाल, समिति ने की कार्रवाई की मांग...
संस्था के समिति सदस्य पुनर्वदास बापू ने इस शर्मनाक घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि:-“यह हमारे लिए भी एक गहरा धक्का है। दोषियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। बच्चों की सुरक्षा के लिए संस्था में संरचनात्मक बदलाव किए जाएंगे।”प्रिंसिपल और आरोपी शिक्षक को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है और पुलिस ने उन्हें जेल भेज दिया है।