Mahishasur Vadh Place CG: ऐसी जगह जहां मां दुर्गा ने किया था महिषासुर का वध, आज ...

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Mahishasur Vadh Place CG: ऐसी जगह जहां मां दुर्गा ने किया था महिषासुर का वध, आज भी मौजूद माता के पदचिन्ह...

mahishasur vadh place cg ऐसी जगह जहां मां दुर्गा ने किया था महिषासुर का वध आज भी मौजूद माता के पदचिन्ह

Mahishasur Vadh Place CG: छत्तीसगढ़ के कोंडागांव जिले में स्थित बड़े डोंगर की पहाड़ी न केवल प्राकृतिक सुंदरता से भरपूर है, बल्कि यह धार्मिक और ऐतिहासिक दृष्टि से भी बेहद खास है। लोक मान्यता है कि यहीं मां दुर्गा ने महिषासुर राक्षस का वध किया था। आज भी इस पहाड़ी पर शेर के पंजों, भैंसे के सींग और माता के पदचिन्ह जैसी आकृतियां दिखाई देती हैं, जिन्हें लोग आस्था का प्रमाण मानते हैं। Read More: Mouthwash Benefits and Risks: जानिए माउथवॉश के फायदे और रोजाना इस्तेमाल के नुकसान!

महिषासुर वध की कथा...

हिंदू धर्मग्रंथों के अनुसार, महिषासुर ने कठोर तपस्या कर भगवान ब्रम्हा से यह वरदान प्राप्त किया था कि कोई भी देवता उसका वध नहीं कर सकेगा। इस वरदान के बाद उसने स्वर्गलोक पर अधिकार कर लिया और देवताओं को परास्त कर दिया। देवताओं ने जब मिलकर मां दुर्गा की रचना की, तब उन्होंने महिषासुर से भयंकर युद्ध किया और अंततः उसका वध कर दिया। स्थानीय मान्यताओं के मुताबिक, यह युद्धभूमि छत्तीसगढ़ का बड़ा डोंगर ही था। इसी वजह से यह स्थल श्रद्धालुओं के लिए पवित्र माना जाता है।

आस्था के मिलते हैं प्रमाण...

बड़े डोंगर की पहाड़ी पर आज भी शेर के पंजों के निशान, भैंसे के सींग और माता के पदचिह्न जैसी प्राकृतिक आकृतियां दिखाई देती हैं। श्रद्धालु इन्हें देवी शक्ति का जीवंत प्रमाण मानकर पूजा-अर्चना करते हैं।

आदिवासी संस्कृति से गहरा जुड़ाव...

यह स्थान न केवल धार्मिक महत्व रखता है, बल्कि आदिवासी संस्कृति से भी गहराई से जुड़ा हुआ है। बस्तर की प्रसिद्ध दशहरा परंपरा बड़े डोंगर से भी जुड़ी है। आदिवासी समाज के लिए यह स्थान देवी आराधना और लोक परंपराओं का संगम माना जाता है।

ऐतिहासिक दृष्टि से खास...

बड़े डोंगर सिर्फ आस्था का स्थल ही नहीं, बल्कि इतिहास का महत्वपूर्ण केंद्र भी रहा है। कभी यह बस्तर राज्य की राजधानी था। महाराजा पुरुषोत्तम देव के शासनकाल में इसे राजधानी बनाया गया था। यहां मिले पुरातात्विक अवशेष इस गौरवशाली अतीत की गवाही देते हैं। इतिहासकारों के अनुसार, बड़े डोंगर का महत्व इससे भी प्राचीन है। यहां फैले शिलालेख और अवशेष बताते हैं कि यह क्षेत्र लंबे समय से धार्मिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक गतिविधियों का केंद्र रहा है।

कैसे पहुंचे बड़े डोंगर?

बड़ा डोंगर, छत्तीसगढ़ के कोंडागांव जिले में स्थित है। यह जगदलपुर से लगभग 55 किलोमीटर की दूरी पर है। हां पहुंचने के लिए सड़क मार्ग सबसे उपयुक्त है। जगदलपुर और कोंडागांव से बस और टैक्सी की सुविधा आसानी से उपलब्ध है।      

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