हरियाणा सरकार ने 869 राजकीय विद्यालयों को अंतरराष्

हरियाणा के 150 सरकारी स्कूल बनेंगे अंतरराष्ट्रीय स्तर के, CM सैनी ने शिक्षा व्यवस्था में बड़े बदलाव का खाका किया तैयार

हरियाणा के 150 सरकारी स्कूल बनेंगे अंतरराष्ट्रीय स्तर के, CM सैनी ने शिक्षा व्यवस्था में बड़े बदलाव का खाका किया तैयार

हरियाणा सरकार ने प्रदेश की सरकारी शिक्षा व्यवस्था को नई ऊंचाइयों पर ले जाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने राज्य के 150 राजकीय विद्यालयों को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप विकसित करने के निर्देश दिए हैं। इन विद्यालयों के नए भवन आधुनिक डिजाइन और वैश्विक गुणवत्ता के अनुरूप तैयार किए जाएंगे। इसके लिए देश के अग्रणी राज्यों के सफल मॉडलों और प्रतिष्ठित संस्थानों के विशेषज्ञों का सहयोग लिया जाएगा।

यह निर्णय शुक्रवार देर शाम चंडीगढ़ स्थित संत कबीर कुटीर में आयोजित स्कूल शिक्षा विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान लिया गया। बैठक में प्रदेश के सरकारी विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और आधुनिक बुनियादी ढांचे को लेकर व्यापक चर्चा की गई।

हरियाणा सीएम नायब सिंह सैनी

719 उत्कृष्ट विद्यालयों को भी मिलेगा आधुनिक स्वरूप

बैठक में 719 उत्कृष्ट विद्यालयों के सुदृढ़ीकरण की योजना पर भी विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। इनमें संस्कृति मॉडल स्कूल, मुख्यमंत्री अर्ली इंग्लिश एंड एक्सीलेंस स्कूल तथा पीएम श्री विद्यालय शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन विद्यालयों को राज्य के अन्य सरकारी स्कूलों के लिए आदर्श संस्थान के रूप में विकसित किया जाए, ताकि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का लाभ अधिक से अधिक विद्यार्थियों तक पहुंच सके।

उन्होंने कहा कि उत्कृष्ट विद्यालयों में सभी आवश्यक बुनियादी सुविधाएं समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराई जाएं और निर्माण कार्यों में गुणवत्ता से कोई समझौता न किया जाए।

हरियाणा का एक सरकारी स्कूल

स्मार्ट क्लास, AI आधारित शिक्षण और आधुनिक लैब पर रहेगा फोकस

मुख्यमंत्री नायब सैनी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी उत्कृष्ट विद्यालयों में नए भवनों के साथ अतिरिक्त कक्षाएं, छात्र-छात्राओं के लिए पृथक शौचालय, मजबूत चारदीवारी, खेल मैदान, विज्ञान एवं कंप्यूटर प्रयोगशालाएं, डिजिटल लैब, स्मार्ट कक्षाएं, डिजिटल पुस्तकालय, आधुनिक फर्नीचर, टैबलेट और अन्य शिक्षण संसाधन प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराए जाएं।

उन्होंने स्पष्ट कहा कि इन विकास कार्यों के लिए बजट की कोई कमी नहीं आने दी जाएगी और सभी परियोजनाओं को निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरा किया जाए।

मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि बदलते समय की जरूरतों को देखते हुए सरकारी स्कूलों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) आधारित शिक्षण प्रणाली, व्यावसायिक शिक्षा, अत्याधुनिक विज्ञान एवं कंप्यूटर प्रयोगशालाएं तथा डिजिटल लाइब्रेरी स्थापित की जाएंगी, जिससे विद्यार्थियों को वैश्विक स्तर की शिक्षा उपलब्ध हो सके।

बेहतर शिक्षकों को मिलेगा प्रोत्साहन, स्वच्छता पर भी जोर

बैठक में शिक्षा मंत्री महीपाल ढांडा ने बेहतर प्रदर्शन करने वाले शिक्षकों को प्रोत्साहित करने पर विशेष बल दिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सरकारी स्कूलों में स्वच्छता, सुरक्षित पेयजल और साफ-सफाई की व्यवस्थाओं को और अधिक सुदृढ़ बनाया जाए, ताकि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके।

प्रतीकात्मक तस्वीर

हरियाणा सरकार का मानना है कि आधुनिक तकनीक, मजबूत आधारभूत संरचना और गुणवत्तापूर्ण शिक्षण व्यवस्था के जरिए सरकारी विद्यालयों को निजी स्कूलों के समकक्ष लाया जा सकता है। इसी उद्देश्य के तहत राज्य सरकार शिक्षा क्षेत्र में व्यापक सुधारों को तेजी से आगे बढ़ा रही है।