Tourists trapped in tiger reserve :अद्भुत लेकिन भयावह सफारी का अनुभव
राज्य के जंगलों में बाघों के निवास स्थान पर 25 पर्यटक शाम ढलते-ढलते फंस गए। सफारी गाड़ी बंद हो जाने से यह समूह गाइड के बिना जंगल में अकेला रह गया, जिससे तनाव और दहशत की स्थिति पैदा हो गई। शाम के अंधेरे में बाघों के बीच फंसे पर्यटकों की सुरक्षा को लेकर वन विभाग और पुलिस सतर्क हो गए।
read more :भिवाड़ी में नहीं थम रहा गौ-तस्करों का आतंक
गाइड की संदिग्ध हरकतें
स्थानीय अधिकारियों के अनुसार, सफारी के दौरान गाइड अचानक गाड़ी छोड़कर भाग गया, जिससे पर्यटकों का समूह जंगल के भीतर फंस गया। इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। गाइड के भागने का कारण और सतर्कता न बरतने पर विभाग जांच कर रहा है।
बचाव टीम की तुरंत तैनाती
सूचना मिलते ही वन विभाग की बचाव टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुंची। उन्होंने पर्यटकों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए प्रयास शुरू किए। जंगल में अंधेरा बढ़ने के कारण बचाव कार्य में चुनौतियां भी आईं, लेकिन टीम ने पूरी सतर्कता और सावधानी के साथ कार्य किया।
Tourists trapped in tiger reserve : पर्यटकों की सुरक्षा प्रमुख चिंता
पर्यटकों की जान बचाने के लिए वन्यजीव विभाग ने अतिरिक्त कदम उठाए हैं। सुरक्षा के मद्देनजर, जंगल में पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई है और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सख्त नियम बनाए जा रहे हैं।
Tourists trapped in tiger reserve : पर्यटक अनुभव:भय और आशंका
पर्यटकों ने बताया कि गाइड के अचानक चले जाने से वे खासे डर गए थे। गाड़ी के बंद होने से उनके बीच दहशत फैल गई। कई पर्यटकों ने बताया कि बाघों की दहाड़ सुनाई दी और वे अपने जीवन के सबसे खतरनाक पल जी रहे थे।
