Raja Murder Case: इंदौर के ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी की हनीमून के दौरान शिलॉन्ग में बेरहमी से हुई हत्या की परतें अब पूरी तरह खुल चुकी हैं। मेघालय की शिलॉन्ग पुलिस ने चार्जशीट कोर्ट में पेश कर दी है। पुलिस का दावा है कि राजा की हत्या कई महिने पहले सोची समझी साजिश है और इसका मुख्य किरदार राजा की पत्नी सोनम और उसका प्रेमी राज कुशवाहा है.. पुलिस ने दावा किया है की राजा की लाश को खाई में फेंकने के बाद सोनम इंदौर में सीधे अपने प्रेमी राज कुशवाहा के घर पहुंची थी और चार दिन रुकी थी दोनों ने यह तय कर लिया था कि राजा को रास्ते से हटाने के बाद सोनम जब इंदौर लौटेगी तो वह सीधे राज के साथ अपनी नई जिंदगी शुरू करेगी..इसलिए हनीमून जाने से पहले सोनम ने अपने सामान का बैग राज कुशवाह को दे दिया था..
Raja Murder Case: लाश को खाई में फेंका था
पुलिस ने चार्जशीट में दावा किया कि राजा की लाश को खाई में फेंकने के बाद सोनम इंदौर में सीधे अपने प्रेमी राज कुशवाहा के घर पहुंची थी। उसने अपनी पहचान छिपाने के लिए बुर्का पहनकर सफर किया था। इंदौर के लवकुश चौराहे पर बस से उतरकर वह ऑटो से राज के घर पहुंची, जहां चार दिन तक रुकी।
इसके बाद दोनों ने देवास नाके के पास एक अपार्टमेंट में किराए का फ्लैट लिया और साथ रहने लगे। साजिश की जड़ें इतनी गहरी थीं कि हनीमून पर रवाना होने से पहले ही सोनम ने अपने निजी सामान से भरी एक काला ट्रॉली बैग प्रेमी राज कुशवाहा को सौंप दिया था। दोनों ने यह तय कर लिया था कि राजा को रास्ते से हटाने के बाद सोनम जब इंदौर लौटेगी तो वह सीधे राज के साथ अपनी नई जिंदगी शुरू करेगी।
Raja Murder Case: ‘राजा की हत्या की थी “
सोनम का इशारा मिलते ही राजा की हत्या की यह इशारा मिलते ही रोहित और आनंद ने अपनी किराए की स्कूटी की डिक्की से दो ‘डाउ‘ (मेघालय में लकड़ी काटने के लिए इस्तेमाल होने वाला तेजधार हथियार) निकाले। उन्होंने हथियारों को अपनी शर्ट में छिपाया और उस दिशा में बढ़ने लगे जहां राजा खड़ा था।
शादी से पहले ही मौत की स्क्रिप्ट लिखी गई थी
पुलिस की जांच और आरोपियों से पूछताछ में यह साफ हो गया कि राजा की हत्या का प्लान हनीमून पर नहीं, बल्कि इंदौर में ही सोनम और राज ने मिलकर तैयार कर लिया था।
प्री-प्लानिंग का सबसे बड़ा सबूत: इंदौर से हनीमून के लिए रवाना होने से ठीक पहले, सोनम ने अपने कपड़ों और निजी सामान से भरा एक काला ट्रॉली बैग राज कुशवाहा को दे दिया था। राज ने यह बैग अपने दोस्त विशाल चौहान के घर पर रखवा दिया था। यह इस बात का पुख्ता सबूत है कि सोनम को यकीन था कि वह इस हनीमून से अकेली ही लौटेगी।
हत्या के बाद का ठिकाना तय था: सोनम और राज ने तय किया था कि राजा की हत्या के बाद सोनम इंदौर आकर सीधे राज के घर रहेगी। हुआ भी यही। 23 मई को हत्या को अंजाम देने के बाद सोनम ने एक लंबा और घुमावदार रास्ता अपनाया और इंदौर पहुंचकर राज के साथ रहने लगी।
