देश में पहली बार न्यायिक प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल
Madhya Pradesh online court proceedings: मध्य प्रदेश ने एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए देश का पहला ऐसा राज्य बनने का गौरव प्राप्त किया है, जहां अब कोर्ट की पूरी कार्यवाही ऑनलाइन की जाएगी। सरकार द्वारा नोटिफिकेशन जारी कर इस व्यवस्था को विधिवत रूप से लागू कर दिया गया है। इसका उद्देश्य न्यायिक प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, तेज और सुलभ बनाना है।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से होगी गवाही और सुनवाई
नई प्रणाली के तहत अब अदालत में गवाही, ट्रायल, बहस और जांच जैसी सभी प्रक्रियाएं वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से की जा सकेंगी। इससे कोर्ट में फिजिकल उपस्थितियों की आवश्यकता कम होगी, जिससे न्यायिक प्रक्रिया अधिक लचीली और समयबद्ध हो सकेगी।
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सुरक्षित सॉफ्टवेयर और कड़ा सुरक्षा प्रोटोकॉल
हाई कोर्ट ने पहली बार वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के लिए अधिकृत सॉफ्टवेयर और तकनीकी मानक तय किए हैं। इस व्यवस्था के तहत रिकॉर्डिंग की स्पष्ट प्रक्रिया बनाई गई है और डेटा सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। अनधिकृत व्यक्ति न तो सुनवाई में शामिल हो सकेगा और न ही कोई रिकॉर्डिंग कर पाएगा।
‘इलेक्ट्रॉनिक संचार और ऑडियो-वीडियो नियम 2025’ लागू
हाई कोर्ट द्वारा तैयार किए गए “इलेक्ट्रॉनिक संचार और ऑडियो-वीडियो इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों के उपयोग नियम-2025” को राज्य सरकार ने मंजूरी देकर राजपत्र में प्रकाशित कर लागू कर दिया है। इस नियम के तहत सभी कोर्ट कार्यवाहियों को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर संचालित किया जाएगा।
लंबित मामलों का होगा त्वरित निपटारा
Madhya Pradesh online court proceedings: इस डिजिटल बदलाव से न्यायिक व्यवस्था में लंबित मामलों के निपटारे की प्रक्रिया में तेजी आने की उम्मीद है। साथ ही गवाहों या जांच अधिकारियों की अनुपस्थिति से फैसलों में होने वाली देरी पर भी लगाम लगेगी। यह पहल देश की अन्य न्याय व्यवस्थाओं के लिए भी एक मॉडल बन सकती है।
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