बारिश के मौसम में उमस, पसीना और स्कैल्प में नमी के कारण बालों से जुड़ी परेशानियां बढ़ सकती हैं। कई लोगों के बाल ज्यादा टूटने लगते हैं, जबकि कुछ लोगों को स्कैल्प में खुजली, रूखापन या दूसरी समस्याएं होने लगती हैं। ऐसे में लोग बालों की देखभाल के लिए अलग-अलग तेल और घरेलू उपाय अपनाते हैं। इन्हीं में रोजमेरी ऑयल भी काफी लोकप्रिय है।
रोजमेरी एक खुशबूदार जड़ी-बूटी है और इससे तैयार एसेंशियल ऑयल का इस्तेमाल बालों और स्कैल्प की देखभाल के लिए किया जाता है। हालांकि, इसे इस्तेमाल करने का तरीका सही होना जरूरी है।
रोजमेरी ऑयल सीधे स्कैल्प पर न लगाएं
रोजमेरी एसेंशियल ऑयल काफी कॉन्संट्रेटेड होता है। इसलिए इसे सीधे स्कैल्प पर लगाने के बजाय किसी कैरियर ऑयल के साथ मिलाकर इस्तेमाल करना बेहतर माना जाता है। इसके लिए नारियल, बादाम या जोजोबा जैसे कैरियर ऑयल में रोजमेरी एसेंशियल ऑयल की थोड़ी मात्रा मिलाई जा सकती है। तैयार मिश्रण को स्कैल्प पर हल्के हाथों से लगाएं और उंगलियों के पोरों से धीरे-धीरे मसाज करें। तेल को आंखों के आसपास या आंखों में जाने से बचाएं।
पहले पैच टेस्ट जरूर करें
किसी भी एसेंशियल ऑयल को पहली बार इस्तेमाल करने से पहले पैच टेस्ट करना जरूरी है। तैयार मिश्रण की थोड़ी मात्रा त्वचा के छोटे हिस्से पर लगाकर देखें। अगर लालिमा, जलन, खुजली या सूजन जैसी परेशानी दिखाई देती है तो इसका इस्तेमाल बंद कर दें। संवेदनशील त्वचा या पहले से स्कैल्प की समस्या होने पर इस्तेमाल से पहले डॉक्टर से सलाह लेना बेहतर है।
कितनी देर तक लगाकर रखें?
रोजमेरी ऑयल को कैरियर ऑयल के साथ मिलाकर स्कैल्प पर लगाया जा सकता है। इसे कुछ समय के लिए छोड़ने के बाद सामान्य तरीके से शैंपू किया जा सकता है। शुरुआत में कम मात्रा और कम फ्रीक्वेंसी से इस्तेमाल करना बेहतर है। अगर स्कैल्प पर जलन या किसी तरह की परेशानी महसूस हो तो तेल को तुरंत धो लें।
तेल लगाने का सही तरीका क्या है?
तेल लगाते समय बालों की लंबाई के बजाय स्कैल्प पर ज्यादा ध्यान दें। उंगलियों के पोरों से हल्के हाथों से मसाज करें और स्कैल्प को जोर से न रगड़ें। बहुत ज्यादा तेल लगाने की भी जरूरत नहीं है। अधिक तेल लगाने से उसे साफ करने के लिए ज्यादा शैंपू की जरूरत पड़ सकती है, जिससे कुछ लोगों के बाल और स्कैल्प ज्यादा रूखे महसूस हो सकते हैं।
सिर्फ रोजमेरी ऑयल से हर तरह का हेयर फॉल नहीं रुकेगा
बाल झड़ने के पीछे कई कारण हो सकते हैं। पोषण की कमी, तनाव, हार्मोनल बदलाव, आनुवंशिक कारण, थायरॉइड जैसी स्थितियां और स्कैल्प से जुड़ी समस्याएं भी हेयर फॉल की वजह बन सकती हैं। अगर बाल लगातार और जरूरत से ज्यादा झड़ रहे हैं, सिर के कुछ हिस्सों में बाल कम हो रहे हैं या स्कैल्प में खुजली, लालिमा और पपड़ी जैसी समस्या बनी हुई है, तो केवल रोजमेरी ऑयल पर निर्भर न रहें। ऐसे मामलों में त्वचा विशेषज्ञ से सलाह लेना जरूरी है।
बालों को मजबूत रखने के लिए इन बातों का रखें ध्यान
बालों की देखभाल के साथ खान-पान पर भी ध्यान देना जरूरी है। डाइट में पर्याप्त प्रोटीन, फल, सब्जियां और दूसरे पोषक तत्व शामिल करें। बहुत ज्यादा गर्म पानी से बाल धोने, बार-बार हीट स्टाइलिंग करने और बहुत टाइट हेयरस्टाइल बनाने से बचें। बारिश के मौसम में बाल और स्कैल्प गीले रहने पर उन्हें अच्छी तरह सुखाना भी जरूरी है। रोजमेरी ऑयल बालों की देखभाल की दिनचर्या का हिस्सा हो सकता है, लेकिन इसे हर तरह के हेयर फॉल का इलाज समझना सही नहीं है। बालों की समस्या के सही कारण की पहचान, संतुलित खान-पान और उचित हेयर केयर रूटीन ज्यादा महत्वपूर्ण हैं।