Khargone: खरगोन पहुंचे इंदौर महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने राजा रघुवंशी हत्याकांड को लेकर इंदौर की छवि पर उठाए जा रहे सवालों पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि यह घटना बेहद दुखद है, लेकिन किसी एक घटना के आधार पर पूरे इंदौर शहर की सांस्कृतिक पहचान पर प्रश्नचिह्न लगाना उचित नहीं है। भार्गव ने इंदौर को स्वच्छता में अग्रणी और सांस्कृतिक रूप से समृद्ध शहर बताया।

सांस्कृतिक छवि पर सवाल पर आपत्ति
Khargone: पुष्यमित्र भार्गव ने “इंदौर पर कलंक” जैसे बयानों पर अप्रत्यक्ष रूप से नाराजगी जताते हुए कहा कि इंदौर की संस्कृति और संस्कारों को एक घटना से नहीं आंका जा सकता। गौरतलब है कि मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और पीसीसी अध्यक्ष जीतू पटवारी ने इस मामले को लेकर बयान दिया था कि इंदौर की छवि पर एक बड़ा कलंक लगा है और यह संस्कारों की कमी का परिणाम है।
Khargone: मोदी सरकार के 11 साल पर प्रतिक्रिया
महापौर भार्गव प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 11 वर्षों के कार्यकाल को लेकर आयोजित एक कार्यक्रम में शामिल होने खरगोन पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने पीसीसी अध्यक्ष जीतू पटवारी द्वारा केंद्र सरकार की आलोचना पर पलटवार करते हुए कहा कि वर्ष 2014 से पहले देश में भ्रष्टाचार, कालाधन और बेरोजगारी का बोलबाला था। आज कांग्रेस को सवाल उठाने का नैतिक अधिकार नहीं है।
चुनाव और जनता का समर्थन
Khargone: उन्होंने कहा कि 2014 के बाद जनता ने हर चुनाव में कांग्रेस के झूठ का जवाब दिया है और उन्हें सत्ता से दूर रखा है। भार्गव का दावा है कि भाजपा की नीतियों पर जनता का विश्वास कायम है और कांग्रेस बार-बार अपनी साख खोती जा रही है।
ऑपरेशन सिंदूर पर तीखी प्रतिक्रिया
Khargone: ऑपरेशन सिंदूर और महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले के वीडियो गेम वाले बयान पर भी भार्गव ने हमला बोला। उन्होंने कहा कि कांग्रेस वही बातें कहती है जो चीन और पाकिस्तान की भाषा जैसी लगती हैं। यह पार्टी देश की सेना और नागरिकों का मनोबल गिराने का काम करती है, जो बेहद निंदनीय है।
पुष्यमित्र भार्गव ने स्पष्ट किया कि इंदौर की प्रतिष्ठा किसी एक घटना से कम नहीं हो सकती और कांग्रेस की बयानबाज़ी देशविरोधी मानसिकता को दर्शाती है।
