यह मुलाकात ऐसे वक्त में हुई, जब हिमाचल की राजनीति में मंत्री-अफसर विवाद, कैबिनेट विस्तार और संगठन बनाने को लेकर चर्चाएं तेज हैं।
‘आपसी मतभेदों को सार्वजनिक मंच पर ना लाए’
सूत्रों के मुताबिक- लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह के हालिया बयान के बाद प्रदेश में सियासी घमासान को लेकर भी दोनों नेताओं के बीच बातचीत हुई। मल्लिकार्जुन खड़गे ने CM को इस मुद्दे को कैबिनेट में समन्वय बनाकर सुलझाने की सलाह दी। खड़गे ने आपसी मतभेदों को सार्वजनिक मंच पर आने से रोकने और संगठन की एकजुटता बनाए रखने पर जोर दिया।

CM Sukhu Kharge Meeting: कैबिनेट विस्तार को लेकर मंथन
बताया जा रहा कि, इस मुलाकात में कांग्रेस संगठन के विस्तार और कैबिनेट एक्सपेंशन को लेकर मंथन हुआ। सुक्खू कैबिनेट में मंत्री का एक पद काफी समय से खाली पड़ा है। कांग्रेस सरकार के 3 साल पूरे होने के बावजूद इस पद को नहीं भरा गया। माना जा रहा है कि जल्द ही कैबिनेट में फेरबदल हो सकता है और कर खाली पद को भरा जा सकता है। चर्चा यह भी है कि एक मंत्री को ड्रॉप करके उनके बेटे की बोर्ड-निगमों में ताजपोशी की जा सकती है। ऐसा हुआ तो 2 विधायकों को कैबिनेट मंत्री बनने का मौका मिलेगा।
खाली पदों पर होगी ताजपोशी
CM Sukhu Kharge Meeting: वहीं, डिप्टी स्पीकर का पद भी खाली है। कांग्रेस विधायक विनय सिंह के पार्टी अध्यक्ष बनने के बाद से ही यह पद खाली है। डिप्टी स्पीकर और अन्य पदों को लेकर भी राष्ट्रीय अध्यक्ष के साथ विचार-विमर्श हुआ है। कांग्रेस अध्यक्ष की यह मुलाकात प्रदेश की राजनीति के लिहाज से अहम मानी जा रही है।
