
भारत द्वारा “ऑपरेशन सिंदूर” के तहत की गई जवाबी कार्रवाई के बाद पाकिस्तान की बौखलाहट को देखते हुए देशभर में सुरक्षा व्यवस्था सख्त की जा रही है। गुजरात के समुद्री क्षेत्र में स्थित द्वारका जिला इस समय हाई अलर्ट पर है। रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण इस जिले की समुद्री सीमाओं को लेकर सुरक्षा एजेंसियों ने सतर्कता और गश्त दोनों बढ़ा दी हैं।
Dwarka News: सामरिक दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील
द्वारका जिला तीन ओर से समुद्र से घिरा हुआ है, जो इसे सामरिक दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील बनाता है। यहां स्थित ओखा, वडिनार और सलाया जैसे प्रमुख बंदरगाहों पर गश्त तेज कर दी गई है। कोस्ट गार्ड, मरीन पुलिस, नेवी और खुफिया एजेंसियां लगातार समुद्री गतिविधियों पर नजर रख रही हैं।
जिले में कुल 23 छोटे-बड़े द्वीप
Dwarka News: द्वारका जिले में कुल 23 छोटे-बड़े द्वीप हैं, जिनमें से 21 द्वीपों पर आम लोगों के जाने पर फिलहाल पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। इससे किसी भी संदिग्ध गतिविधि या घुसपैठ की संभावना को पूरी तरह से समाप्त किया जा सके।
सुरक्षा भी विशेष रूप से बढ़ा दी गई
इसी के साथ, द्वारकाधीश मंदिर की सुरक्षा भी विशेष रूप से बढ़ा दी गई है। देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए बम निरोधक दस्ता, डॉग स्क्वॉड और विशेष सुरक्षा स्टाफ को मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्र में तैनात किया गया है।
Dwarka News: सुरक्षा एजेंसियां लगातार समन्वय में काम कर रही
राज्य और केंद्र सरकार की सुरक्षा एजेंसियां लगातार समन्वय में काम कर रही हैं ताकि समुद्री सीमा पर किसी भी प्रकार की चुनौती का मुंहतोड़ जवाब दिया जा सके। द्वारका फिलहाल पूरी तरह से सतर्क और तैयार है।
