Cm sai meeting: छत्तीसगढ़ की पहचान देश के उन राज्यों में होती है, जहां जमीन के नीचे विकास की बड़ी संभावनाएं छिपी हैं.. कोयला, लौह अयस्क से लेकर रेयर अर्थ मिनरल्स तक राज्य की खनिज संपदा न सिर्फ अर्थव्यवस्था की रीढ़ है.

इसी कड़ी में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने संदेश दिया है कि खनन से जुड़े हर काम में पारदर्शिता, तकनीक और जवाबदेही सुनिश्चित की जाएंगे.
खनन परियोजनाओं में गुणवत्ता और समयसीमा पर सख्ती
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में छत्तीसगढ़ खनिज विकास निधि सलाहकार समिति की 21वीं बैठक आयोजित की गई.
जहा मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ खनिज संसाधनों से समृद्ध राज्य है और यहां चल रही सभी खनन परियोजनाओं का गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध क्रियान्वयन किया जाना आवश्यक है.
इसको लेकर सीएम साय ने कहा की खनन केवल राजस्व का साधन नहीं, बल्कि इससे जुड़े क्षेत्रों में सड़क, रेल, रोजगार और सामाजिक विकास भी प्रभावित होता है. इसलिए परियोजनाओं में देरी या गुणवत्ता से समझौता स्वीकार्य नहीं होगा.
Cm sai meeting: अवैध खनन पर लगेगी तकनीक की लगाम
सीएम ने अवैध उत्खनन को लेकर कहा की.. इसके नियंत्रण के लिए गठित विशेष टास्क फोर्स की निगरानी को और मजबूत किया जाए.
विकास को लेकर सीएम का कहना है की आधुनिक तकनीक के जरिए अवैध गतिविधियों पर निरंतर और सटीक निगरानी संभव है, जिससे राजस्व हानि के साथ-साथ पर्यावरण को होने वाले नुकसान पर भी रोक लगाई जा सकेगी.
सीएमडीसी और संयुक्त उपक्रमों को भी समर्थन
Cm sai meeting: बैठक में छत्तीसगढ़ खनिज विकास निगम लिमिटेड (CMDC) को एनएमडीसी-सीएमडीसी कंपनी लिमिटेड (NCL) के संयुक्त उपक्रम में 49 प्रतिशत हिस्सेदारी के तहत विभिन्न परियोजनाओं के विकास के लिए 112.70 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई.
आईटी, ड्रोन और सर्वे कार्यों के लिए 138 करोड़ से अधिक की स्वीकृति दी गई है.
