- लोकेशन: अंबेडकर नगर, दिल्ली
- घटना: 2 अक्टूबर 2025, रात 3:15 बजे
- पीड़ित: दिनेश कुमार (28 वर्ष)
- आरोपी: पत्नी साधना
- इलाज: सफदरजंग अस्पताल, बर्न वार्ड
- स्थिति: FIR दर्ज, गिरफ्तारी नहीं हुई

क्या हुआ उस रात?
boiling oil wife attacks delhi: दिनेश कुमार, जो एक फार्मा कंपनी में काम करता है, ड्यूटी से लौटकर रात को सो गया था। पत्नी साधना ने आधी रात को उसके ऊपर खौलता हुआ तेल डाल दिया। इससे पहले कि वह कुछ समझ पाता, उसने उसके जले हुए शरीर पर लाल मिर्च पाउडर भी फेंक दिया।दिनेश की चीखें सुनकर मकान मालिक और जीजा रामसागर मौके पर पहुंचे और उसे अस्पताल पहुंचाया।
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दिनेश का बयान (FIR में दर्ज)
मैं लगभग 3:15 बजे तेज जलन से उठा। मैंने देखा मेरी पत्नी मेरे चेहरे और शरीर पर खौलता तेल डाल रही थी। मैं उठने ही वाला था कि उसने मिर्च पाउडर छिड़क दिया और धमकी दी कि शोर मचाया तो और तेल डाल दूंगी।
पुलिस अब नाबालिग बेटी का बयान भी लेने की तैयारी कर रही है, क्योंकि घटना के समय वह घर में मौजूद थी।
पुलिस की कार्रवाई
FIR दर्ज की गई है (धारा अभी स्पष्ट नहीं) कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है महिला के खिलाफ IPC की गंभीर धाराएं लग सकती हैं, जैसे 307: हत्या की कोशिश326A: एसिड/तेजाब या खौलते पदार्थ से हमला498A: दांपत्य क्रूरता
सुप्रीम कोर्ट की हालिया टिप्पणी
अगर कोई शादी के बाद साथ नहीं रह सकता, तो उसे शादी ही नहीं करनी चाहिए। जस्टिस बी.वी. नागरत्ना
यह बयान बताता है कि शादी एक जिम्मेदारी है, और उसमें हिंसा के लिए कोई जगह नहीं होनी चाहिए चाहे पीड़ित पुरुष हो या महिला।
चर्चा का विषय: पुरुषों पर घरेलू हिंसा
भारत में घरेलू हिंसा का शिकार केवल महिलाएं ही नहीं होतीं। NCRB (नेशनल क्राइम रिकॉर्ड्स ब्यूरो) के मुताबिक, पुरुषों द्वारा दर्ज करवाई गई घरेलू हिंसा की शिकायतें बढ़ रही हैं। लेकिन कानूनी और सामाजिक समर्थन सीमित है। पुरुषों के लिए कोई स्पष्ट संरक्षण कानून नहीं है, जिससे ऐसे मामलों को दर्ज कराना मुश्किल होता है।
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यह घटना सिर्फ एक घरेलू विवाद नहीं, बल्कि हिंसा की हदें पार करने वाला अपराध है। चाहे महिला पीड़ित हो या पुरुष, हिंसा को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। इस मामले में निष्पक्ष जांच और उचित कार्रवाई जरूरी है, ताकि पीड़ित को न्याय मिले और ऐसे अपराध दोहराए न जाएं।
