RSS Pracharak Assault Betul : मध्य प्रदेश के बैतूल जिले के मुलताई क्षेत्र में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के जिला प्रचारक शिशुपाल यादव के साथ मारपीट की घटना ने पूरे इलाके में तनाव फैला दिया है। मामूली सड़क हादसे में हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया और दो समुदाय आमने-सामने आ गए। पुलिस ने मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर कार्रवाई शुरु की है।
घटना का विवरण
शिशुपाल यादव किसी कार्य से बाइक से जा रहे थे, तभी कुछ युवकों ने उनकी बाइक को कट मार दिया। इस बात को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी हुई, जो हाथापाई में बदल गई। यादव को हल्की चोटें आईं। घटना के बाद इलाके में माहौल तनावपूर्ण हो गया और दोनों समुदायों के लोग सड़कों पर उतर आए।

पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई
मौके पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया। पुलिस ने कुछ आरोपियों को गिरफ्तार किया और अन्य की तलाश जारी है। तनाव वाले इलाकों में धारा 144 लागू कर दी गई है और मुलताई थाना प्रभारी को हटा दिया गया। कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी व एसपी वीरेंद्र जैन ने मौके पर पहुंचकर शांति बनाए रखने की अपील की।
विधायक रामेश्वर शर्मा का बयान
बैतूल में संघ प्रचारक के साथ हाथापाई पर विधायक रामेश्वर शर्मा ने तीखी प्रतिक्रिया दी है रामेश्वर शर्मा ने कहा, कि प्रदेश में भाजपा की मोहन यादव की सरकार ये बिरयानी खिलाने वाली सरकार नहीं है पूरा इलाज होगा। दुकानों में तोड़फोड़ करना आगजनी करके दहशत करने वालों पर मोहन सरकार का डंडा चलेगा।
शहर में फैला तनाव
शहर के इलाके में कई जगह पत्थरबाजी और तोड़फोड़ हुई। प्रदर्शनकारियों ने थाने का घेराव किया और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। भीड़ ने पुलिस वाहन को रोकने और हिरासत में लिए गए युवक को छुड़ाने का प्रयास भी किया।
पुलिस की तत्परता
पुलिस अधीक्षक (SP) वीरेंद्र जैन ने कहा, घटना के कुछ आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। बाकी की तलाश जारी है। स्थिति अब नियंत्रण में है। शहर में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात है। हम लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति बनाए रखने की अपील करते हैं।
हिंदू संगठन का विरोध
हिन्दू संगठनों ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई के साथ-साथ अवैध कब्जे को हटाने की मांग की। प्रशासन ने कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए पूरे इलाके में कड़ी नजर रखी है।
मुलताई के इस विवाद ने सामान्य सड़क हादसे से बढ़कर व्यापक सांप्रदायिक तनाव का रूप ले लिया। पुलिस और प्रशासन की प्रतिक्रिया से अब स्थिति नियंत्रण में है। सभी पक्षों से संयम बरतने की अपील की गई है,जिससे शांति बनी रहे और सामुदायिक सौहार्द वापस लौटे।
आरएसएस कार्यकर्ता देवराज लोखंडे ने कहा, कि आरएसएस के प्रमुख कार्यकर्ता पर हुए हमले से समाज में आक्रोश है। हमारी मांग है कि सभी आरोपियों की गिरफ्तारी हो और उनके अतिक्रमण तत्काल हटाए जाएं।
