✈️ Air India Express Flight IX-196 में महिला क्रू मेंबर के साथ अभद्रता
जयपुर एयरपोर्ट पर शुक्रवार रात Air India Express की फ्लाइट IX-196 जैसे ही लैंड हुई, एयर होस्टेस की ओर से एक गंभीर शिकायत ने सबको चौंका दिया। फ्लाइट में सवार एक युवक ने महिला क्रू मेंबर के साथ छेड़खानी और गलत तरीके से टच करने जैसी हरकतें की थीं।
घटना के सामने आते ही CISF जवानों को बुलाया गया और युवक को हिरासत में लिया गया। मामले की रिपोर्ट जयपुर एयरपोर्ट थाना में दर्ज कराई गई है।
फ्लाइट में शराब पीने से मना किया तो भड़का पैसेंजर
रात 12:45 बजे दुबई से रवाना हुई फ्लाइट में 15-B सीट पर बैठा एक यात्री शराब पी रहा था, जिसे एयर होस्टेस ने रोका। जब उससे पूछा गया कि क्या पी रहे हैं, तो उसने कहा, “संतरे का जूस।” मगर महिला क्रू ने उसकी बात पकड़ ली और कहा, “यह शराब है, जो दुबई ड्यूटी फ्री से खरीदी गई है।”
जब स्टाफ ने शराब न पीने की चेतावनी दी और ग्लास वापस मांगा, तो आरोपी युवक बहस करने लगा। महिला एयर होस्टेस ने अन्य स्टाफ की मदद से ग्लास जब्त किया, लेकिन इसके बाद वह नशे में बेकाबू हो गया।
उड़ान भरते ही शुरू हो गया उत्पीड़न
पूरा सफर महिला क्रू मेंबर के लिए तनाव और डर से भरा रहा। रिपोर्ट के अनुसार, आरोपी युवक बार-बार केबिन में आकर ग्लास मांगने और संपर्क साधने की कोशिश करता रहा।
एक मौके पर जब एयर होस्टेस उसकी सीट के पास से गुजर रही थीं और उनकी पीठ युवक की तरफ थी, तभी उसने गलत तरीके से छूने की कोशिश की। क्रू द्वारा बार-बार टोके जाने के बावजूद वह उसे परेशान करता रहा।
लैंडिंग के बाद भी नहीं सुधरा, माफी के बाद भी किया विरोध
फ्लाइट जब 2:40 AM पर जयपुर लैंड हुई, तब तक मामला गंभीर हो चुका था। युवक ने अपने बोर्डिंग पास को छिपा लिया, और पहचान बताने से इनकार करने लगा। जब उसे लगा कि शिकायत होने वाली है, तब माफी मांगने लगा लेकिन फिर भी अड़ियल रवैया अपनाया।
अंततः महिला क्रू की सूझबूझ से CISF जवानों को बुलाया गया, जिन्होंने तुरंत युवक को काबू कर लिया और स्थानीय पुलिस के हवाले कर दिया।
पुलिस जांच जारी, महिला सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
जयपुर एयरपोर्ट थानाधिकारी संदीप बसेरा के अनुसार, आरोपी का नाम दिनेश है और उसके खिलाफ छेड़खानी, अभद्रता और उड़ान नियमों का उल्लंघन करने की धाराओं में केस दर्ज किया गया है। मामले की विस्तृत जांच जारी है।
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि महिला क्रू मेंबर की सुरक्षा कैसे सुनिश्चित की जाए, खासकर जब वे 30,000 फीट ऊपर एक सीमित स्थान में ड्यूटी कर रही होती हैं।
