आगरा हत्या मामला: आगरा से सामने आई यह वारदात किसी फिल्मी कहानी जैसी लगती है, लेकिन हकीकत इससे कहीं ज्यादा खौफनाक है. एक ही कंपनी में काम करने वाले युवक ने अपनी गर्लफ्रेंड की बेरहमी से हत्या की और फिर शव ठिकाने लगाने के लिए ऐसा प्लान बनाया, जिसे सुनकर पुलिस भी कुछ देर के लिए सन्न रह गई. मृतका की पहचान मिंकी के रूप में हुई है, जो कंपनी में HR एग्जीक्यूटिव थी. आरोपी विनय उसी ऑफिस में काम करता था. दोनों के बीच करीब दो साल से रिश्ता था, लेकिन शादी, पैसों और शक ने इस रिश्ते को धीरे-धीरे अपराध की ओर धकेल दिया.
आगरा हत्या मामला: ऑफिस में शुरू हुआ विवाद
डीसीपी सिटी सैयद अली अब्बास के मुताबिक, मिंकी पिछले चार साल से कंपनी में कार्यरत थी, जबकि विनय करीब दो साल पहले जॉइन हुआ था. शुरुआत में दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं, लेकिन बीते कुछ समय से शादी और पैसों को लेकर तनाव चल रहा था.घटना वाले दिन ऑफिस में ही दोनों के बीच कहासुनी हो गई. विवाद इतना बढ़ा कि विनय ने अचानक चाकू निकाल लिया और मिंकी पर ताबड़तोड़ आठ वार कर दिए. गर्दन पर किया गया एक वार इतना गहरा था कि नस कट गई और मिंकी की मौके पर ही मौत हो गई.
आगरा हत्या मामला: हत्या के बाद हैवानियत की हद
पुलिस पूछताछ में जो बातें सामने आईं, वे और भी डराने वाली हैं. हत्या के बाद आरोपी ने मिंकी का सिर धड़ से अलग कर दिया. उसने उसके कपड़े उतारे और सिर व कपड़ों को पॉलिथीन में भर दिया.धड़ बोरे में ठीक से नहीं आ रहा था, तो विनय ने चाकू से पैरों को आधा काटकर मोड़ा और टेप से बांध दिया. इसके बाद उसने ऑफिस में फैले खून के धब्बे साफ करने की कोशिश की, ताकि किसी को शक न हो.
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डर की वजह से हुआ नाकाम
रात करीब 11 बजे विनय बोरे को स्कूटी पर रखकर निकला. उसकी योजना भगवान टॉकीज और जवाहर पुल के रास्ते यमुना में शव फेंकने की थी. लेकिन जवाहर पुल पर भीड़ देखकर वह घबरा गया. बोरे का वजन ज्यादा था और पकड़े जाने का डर भी सताने लगा. आखिरकार वह बोरे को वहीं छोड़कर भाग गया. यही उसकी सबसे बड़ी चूक साबित हुई.
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CCTV और मोबाइल ने खोला राज
पुलिस को बोरे के पास से अहम सुराग मिले. CCTV फुटेज, स्कूटी, आरोपी के कपड़े और मोबाइल की जांच से पूरा मामला सामने आ गया. फॉरेंसिक टीम ने ऑफिस से सबूत जुटाए और DVR भी कब्जे में ले ली गई. इसके बाद पुलिस ने विनय को गिरफ्तार कर लिया.
पैसा और शक बना हत्या की वजह
पूछताछ में विनय ने बताया कि मिंकी उससे पैसे मांग रही थी और भाई की शादी का हवाला दे रही थी. वहीं वह मिंकी की फोन कॉल्स को लेकर भी शक में था. उसे लगता था कि वह किसी और से बात करती है. इसी गुस्से में उसने पहले से ही चाकू खरीद रखा था.
आरोपी ने यह भी कबूल किया कि उसने फिल्मों से शव ठिकाने लगाने के तरीके सीखे थे. उसका मानना था कि सही प्लानिंग से वह बच निकलेगा, लेकिन सबूतों ने उसकी हर चाल नाकाम कर दी.
गिरफ्तारी के बाद पछतावा
गिरफ्तारी के बाद विनय ने कहा कि वह भी मरना चाहता है और मिंकी के बिना नहीं जी सकता. हालांकि पुलिस का कहना है कि जिस तरह से उसने सबूत मिटाने और शव ठिकाने लगाने की कोशिश की, उससे साफ है कि वह बचने की पूरी कोशिश कर रहा था.फिलहाल पुलिस सिर की बरामदगी के लिए तलाशी अभियान चला रही है. साथ ही आरोपी के एक दोस्त की भूमिका की भी जांच की जा रही है. अब इस सनसनीखेज केस में चार्जशीट और कोर्ट की कार्रवाई पर सबकी नजरें टिकी हैं.
